
भोपाल की रहने वाली त्विषा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला अब कानूनी रूप से और गंभीर हो गया है, क्योंकि परिजनों ने न्याय की मांग को लेकर हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। परिवार ने याचिका दायर कर मुख्य रूप से तीन मांगें उठाई हैं, सास गिरिबाला सिंह को मिली अग्रिम जमानत रद्द की जाए, मृतका का दोबारा पोस्टमार्टम दिल्ली स्थित एम्स में कराया जाए, और मामले से जुड़े कथित ऑडियो व कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की गहन जांच कराई जाए। कटारा हिल्स थाना क्षेत्र में रहने वाली त्विषा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने अब नया मोड़ ले लिया है। गुरुवार को मृतका के परिजनों की ओर से अधिवक्ता ने जानकारी दी कि जबलपुर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर भोपाल जिला अदालत द्वारा पूर्व जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह को दी गई अग्रिम जमानत को निरस्त करने की मांग की गई है। इसके साथ ही, परिजनों ने निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए त्विषा का दोबारा पोस्टमार्टम दिल्ली एम्स में कराने की भी अपील की है। फिलहाल इस याचिका पर सुनवाई की तारीख निर्धारित नहीं की गई है।
कॉल डिटेल और जांच पर उठे सवाल
परिजनों ने इस मामले में भोपाल जिला अदालत में एक परिवाद भी दायर किया है। इसमें मांग की गई है कि गिरिबाला सिंह की कॉल डिटेल की जांच की जाए और त्विषा की मौत के बाद दो दिनों तक जिन मोबाइल नंबरों पर बातचीत हुई, उनकी पूरी जानकारी सामने लाई जाए। मृतका के परिजनों के वकील अंकुर पाण्डेय के अनुसार, पुलिस की कार्रवाई भी सवालों के घेरे में है। उनका कहना है कि दहेज हत्या का मामला दर्ज करने में पुलिस ने दो दिन का समय लिया, जबकि आरोपी पक्ष को कुछ ही घंटों में अग्रिम जमानत मिल गई। इसी आधार पर हाईकोर्ट में जमानत निरस्त करने की मांग रखी गई है। अधिवक्ता ने यह भी बताया कि भोपाल जिला अदालत की मजिस्ट्रेट ने शव को माइनस 80 डिग्री तापमान पर सुरक्षित रखने के निर्देश दिए हैं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर दोबारा पोस्टमार्टम कराया जा सके। परिजनों का आरोप है कि उन्हें प्रारंभिक पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर भरोसा नहीं है, इसलिए उन्होंने एम्स, दिल्ली में पुनः पोस्टमार्टम कराने की मांग उठाई है।

मूल रूप से नोएडा की रहने वाली 31 वर्षीय त्विषा शर्मा का विवाह दिसंबर 2025 में भोपाल निवासी अधिवक्ता समर्थ सिंह से हुआ था। समर्थ सिंह, पूर्व जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह के पुत्र हैं। त्विषा मॉडलिंग जगत से जुड़ी रही थीं और ‘मिस पुणे’ का खिताब भी जीत चुकी थीं। 12 मई को भोपाल के बागमुगालिया एक्सटेंशन स्थित ससुराल में उनकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने पति समर्थ सिंह और सास गिरिबाला सिंह के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज किया है। हालांकि, अब तक पति फरार है और पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 30 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। दूसरी ओर, मृतका के परिजनों ने अभी तक अंतिम संस्कार नहीं किया है। उनका कहना है कि जब तक निष्पक्ष और पारदर्शी जांच नहीं होती, तब तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। परिवार का आरोप है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कई विसंगतियां हैं और सच्चाई सामने लाने के लिए दोबारा जांच बेहद जरूरी है।
परिजन लगातार पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। अब हाईकोर्ट में दायर याचिका के जरिए वे न्यायिक हस्तक्षेप चाहते हैं, ताकि मामले की सच्चाई सामने आ सके और दोषियों को सजा मिल सके।






