पीलीभीत में एक कक्षा पांच की छात्रा, जो अपने घर से पैदल स्कूल जा रही थी, को बाइक सवार तीन युवकों ने रास्ते में रोक लिया और जबरन उसे विषाक्त पदार्थ खिला दिया। स्कूल पहुंचने पर उसकी तबीयत बिगड़ने लगी, तो शिक्षकों ने परिजनों की सहायता से उसे शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। सीओ सिटी ने अस्पताल पहुंचकर परिजनों से जानकारी एकत्र की। मामले के खुलासे के लिए चार टीमें बनाई गई हैं। गजरौला थाना क्षेत्र के देवीपुरा गौटिया निवासी बीरबल ने बताया कि उसकी 11 वर्षीय नातिन, अंशिका पुत्री रामऔतार, माधोटांडा-पीलीभीत रोड पर स्थित एक निजी स्कूल में कक्षा पांच की छात्रा है। शुक्रवार सुबह लगभग आठ बजे वह रोज की तरह पैदल स्कूल जा रही थी। रास्ते में जेएमबी स्कूल के पास बाइक सवार तीन युवकों ने उसे रोका और जबरन विषाक्त पदार्थ खिला दिया। युवकों के जाने के बाद वह पैदल ही स्कूल पहुंची।
स्कूल के गेट पर खड़े एक शिक्षक ने उसकी हालत देखी और पूछताछ की। बच्ची से विषाक्त पदार्थ की गंध आ रही थी। बच्ची ने घटना की जानकारी दी, तो स्कूल में हड़कंप मच गया और उसकी हालत बिगड़ने लगी। परिजनों के पहुंचने पर उसे एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधिकारियों में खलबली मच गई।
बीरबल ने बताया कि बच्ची ने अस्पताल जाते समय बताया कि बाइक सवार युवकों ने उसे विषाक्त पदार्थ खिलाया और धमकी दी कि वे उसकी चाची के गांव से हैं और उसे जान से मार देंगे। एसपी ने बच्ची के मामा रामगोपाल, जो जहानाबाद क्षेत्र के सुस्वार गांव के निवासी हैं, से भी बातचीत की। बच्ची के मामा ने बताया कि खेत के बंटवारे को लेकर चाचा पक्ष से विवाद चल रहा है, और इसी वजह से घटना को अंजाम दिया गया है। परिजनों से जानकारी प्राप्त की गई है, जिसमें बच्ची के चाचा पक्ष से जमीन विवाद की बात सामने आई है। बाइक सवारों ने भी खुद को चाची के गांव का बताया था।
बच्ची के पिता की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। खुलासे के लिए चार टीमों को लगाया गया है। सीसीटीवी और सर्विलांस की मदद भी ली जा रही है।- दीपक चतुर्वेदी, सीओ सिटी
स्कूल जा रही 11 वर्षीय बच्ची को बीच सड़क में रोक कर जहर खिलाया





