यूएस: कैलिफोर्निया में दिवाली पर सरकारी छुट्टी घोषित; भारतीयों में खुशी की लहर

अमेरिका के कैलिफोर्निया राज्य में दिवाली को अब आधिकारिक रूप से सरकारी अवकाश घोषित कर दिया गया है। स्थानीय गवर्नर ने इस संबंध में एक बिल पर हस्ताक्षर कर इसे कानून बना दिया है। इस फैसले के बाद से भारतीय मूल के लोगों में अपार उत्साह देखने को मिल रहा है।
मंगलवार को कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम ने असेंबली बिल 268 पर हस्ताक्षर कर दिवाली को राज्य की आधिकारिक छुट्टियों में शामिल कर दिया। नए कानून के तहत अब राज्य के सरकारी कर्मचारी, कम्युनिटी कॉलेज और सरकारी स्कूल दिवाली के अवसर पर अवकाश ले सकेंगे। साथ ही, स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों को दिवाली के महत्व और उसके संदेश पर विशेष कार्यक्रम आयोजित करने की अनुमति भी दी गई है।

बिल एबी 268 में क्या है?
इस बिल में प्रावधान किया गया है कि दिवाली के दिन राज्य के कर्मचारी वेतन सहित अवकाश प्राप्त कर सकते हैं। स्कूल और कॉलेज उस दिन बंद रह सकते हैं और शैक्षणिक संस्थान दिवाली के सांस्कृतिक व सामाजिक महत्व पर विशेष आयोजन कर सकते हैं।

भारतीय समुदाय में हर्ष की लहर
कैलिफोर्निया में करीब 10 लाख दक्षिण एशियाई मूल के लोग रहते हैं, जिनमें भारतीय और भारतीय-अमेरिकी समुदाय की बड़ी संख्या शामिल है। इस निर्णय से उनमें खुशी की लहर दौड़ गई है। सिलिकॉन वैली के उद्योगपति और समाजसेवी, तथा पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के सलाहकार रहे अजय भूटोरिया ने इस कदम की सराहना की। उन्होंने एक्स पर लिखा— “गवर्नर गेविन न्यूसम को धन्यवाद, जिन्होंने दिवाली को कैलिफोर्निया की राज्य छुट्टी घोषित किया। असेंबली मेंबर आश कालरा और दर्शन पटेल को भी आभार, जिन्होंने इस बिल को मंजिल तक पहुंचाया। यह रोशनी, एकता और विविधता का उत्सव है।”

“नवाचार और संस्कृति को नई ऊंचाइयां”
अजय भूटोरिया ने कहा कि आज कैलिफोर्निया की समावेशिता की यात्रा में एक उज्ज्वल अध्याय जुड़ गया है। दिवाली आशा की निराशा पर, एकता की विभाजन पर, और ज्ञान की अज्ञान पर विजय का प्रतीक है, यह संदेश यहां के हर दक्षिण एशियाई समुदाय के दिल में गूंजता है। उन्होंने इसे सिर्फ एक छुट्टी नहीं, बल्कि भारतीय प्रवासियों के योगदान और उनकी विरासत को सम्मान देने वाला निर्णय बताया। उन्होंने कहा कि सिलिकॉन वैली के तकनीकी विशेषज्ञों से लेकर दक्षिण कैलिफोर्निया के स्वास्थ्यकर्मियों तक, भारतीय-अमेरिकी समुदाय ने राज्य की अर्थव्यवस्था, नवाचार और संस्कृति को नई ऊंचाइयां दी हैं।

“शुभ दीपावली, प्रगति के दीप जलते रहें”
अजय भूटोरिया ने कहा कि यह पहल आने वाली पीढ़ियों के लिए गर्व और प्रेरणा का स्रोत बनेगी। उन्होंने कहा, “20 अक्तूबर को जब हम दिवाली मनाने की तैयारी कर रहे हैं, यह कदम हमें गर्व, अपनापन और सामूहिक सौहार्द की नई रोशनी देगा।”

विशिखा मीडिया

विशिखा ने जनवरी 2019 से राजस्थान की राजधानी जयपुर से हिंदी मासिक पत्रिका के रूप में अपनी नींव रखी। राजस्थान में सफलता का परचम फहराने के बाद विशिखा प्रबंधन ने अप्रैल 2021 से उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से मासिक पत्रिका के रूप में अपना प्रकाशन आरम्भ करने का निर्णय लिया। इसी बीच लोगों की प्रतिक्रियाएं आईं कि विशिखा का प्रकाशन दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी होना चाहिये। पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए विशिखा प्रबंधन ने 1 जनवरी 2022 से जयपुर से दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी अपना प्रकाशन आरम्भ किया। विशिखा में प्रमुख रूप से राजनैतिक गतिविधियों सहित, कला, समाज, पर्यटन, एवं अन्य विषयों से संबंधित विस्तृत आलेख प्रकाशित होते हैं। विशिखा पत्रिका ने अपने विस्तृत आलेखों और दैनिक न्यूज़ विश्लेषण के माध्यम से अपने पाठकों को जानकारी और ज्ञान की दुनिया में ले जाने का महत्वपूर्ण काम किया है। अपनी सटीक खबरों, विस्तृत रिपोर्टों और विशेष विषयों पर आधारित लेखों के साथ, विशिखा ने लगातार अपनी विश्वसनीयता बनायी हुई है। विशिखा मासिक पत्रिका की खबरों की गुणवत्ता, नवीनता और सटीकता को ध्यान में रखते हुए इस पत्रिका ने अपने पाठकों का दिल जीता है। यह पत्रिका न केवल जानकारी उपलब्ध कराती है, बल्कि लोगों के बीच अपने विचारों के आदान प्रदान के लिए एक मंच भी उपलब्ध करती है। इसके लेखक, संपादक और टीम का प्रयास निरंतर यह होता है कि पाठकों को एक अच्छा अनुभव देने के साथ-साथ सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक मुद्दों के साथ-साथ समस्याओं के समाधान पर ध्यान केंद्रित करें। विशिखा का लक्ष्य आपको विभिन्न विषयों पर अद्भुत लेखों से परिचित कराना है। पत्रिका के माध्यम से हम लेखकों, संगठनों, एवं समाज के प्रतिष्ठित और सामान्य लोगों को उनकी रचनात्मक योग्यताओं के आधार पर साझा करने का प्रयास करना है। पत्रिका टीम का मूल मंत्र है- रचनात्मकता, नैतिकता और उच्चतम गुणवत्ता। विशिखा हिंदी मासिक पत्रिका है जो 2019 में शुरू हुई थी। वर्तमान में यह राजस्थान और उत्तराखंड से प्रकाशित की जाती है। इसमें विभिन्न विषयों पर लेख शामिल होते हैं जैसे कि करंट अफेयर्स, साहित्य, महिलाएं, यात्रा और अधिक। हमारी पत्रिका उन लोगों के लिए है जो ज्ञान और सूचना की तलाश में होते हैं और उन्हें उन विषयों से रुबरु कराने का एक मंच प्रदान करती हैं।

Leave a Reply

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading