राजस्थान: 6.11 लाख करोड़ का बजट पेश, 28 लाख परिवारों को आवास का ऐलान

अन्य राज्यों से राजस्थान आने वाले वाहनों के री-रजिस्ट्रेशन पर रोड टैक्स में विशेष छूट मिलेगी

जयपुर। राजस्थान सरकार ने बुधवार को विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 6 लाख 10 हजार करोड़ रुपये का बजट प्रस्तुत किया। उप मुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दिया कुमारी ने भजनलाल सरकार का लगातार तीसरा बजट भाषण देते हुए करीब दो घंटे 54 मिनट तक विभिन्न योजनाओं और घोषणाओं की रूपरेखा रखी। सरकार ने प्रदेश के लगभग 28 लाख परिवारों को आवास उपलब्ध कराने की दिशा में अहम निर्णय लिया है। बजट में स्वीकृत लाभार्थियों को चरणबद्ध किश्तों के भुगतान का प्रावधान किया गया है, ताकि मकान निर्माण कार्य में तेजी लाई जा सके। वित्त मंत्री ने बताया कि वर्ष 2019 से पात्र परिवारों को आवास स्वीकृत किए जा रहे हैं और नए वित्तीय प्रावधानों से इस प्रक्रिया को और गति मिलेगी।

सड़कों के सुधार के लिए 10,400 करोड़
राज्य की क्षतिग्रस्त और नॉन-पैचेबल सड़कों की मरम्मत हेतु 10,400 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिससे हजारों किलोमीटर सड़कों का नवीनीकरण संभव होगा। सरकार ने इसे वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य से जुड़ा कदम बताया।

बजट भाषण में नेल्सन मंडेला का उल्लेख
सामाजिक सुरक्षा को बजट का ‘पांचवां स्तंभ’ बताते हुए वित्त मंत्री ने दक्षिण अफ्रीका के नेता नेल्सन मंडेला का उद्धरण दिया, जिसमें सामाजिक सुरक्षा को नागरिकों का मौलिक अधिकार और सरकार की जिम्मेदारी बताया गया है। 11 फरवरी का दिन मंडेला की 1990 में रिहाई की वर्षगांठ होने के कारण भी इस संदर्भ को खास माना जा रहा है।

सामाजिक सुरक्षा पर विशेष फोकस
सरकार ने स्पष्ट किया कि सामाजिक सुरक्षा का अर्थ केवल पेंशन नहीं, बल्कि भोजन, आवास, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी सुविधाओं तक समान पहुंच सुनिश्चित करना है। बजट में महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों, दिव्यांगों और वंचित वर्गों के उत्थान पर विशेष जोर दिया गया है।

जोधपुर के लिए बहुआयामी विकास पैकेज
बजट में जोधपुर जिले के लिए उद्योग, सड़क, पेयजल, स्वास्थ्य, पर्यटन और शहरी ढांचे से जुड़े कई बड़े प्रोजेक्ट घोषित किए गए हैं। इनमें पीपीपी मोड पर बायोगैस प्लांट, IoT आधारित प्रदूषण निगरानी सिस्टम, एयर क्वालिटी अर्ली वार्निंग सिस्टम, सीईटीपी परियोजनाएं, औद्योगिक क्षेत्र विकास और विभिन्न सड़क निर्माण योजनाएं शामिल हैं। साथ ही जलापूर्ति सुधार, स्मार्ट पार्किंग, स्पेस गैलरी, कौशल विकास केंद्र, सैनिक कॉम्प्लेक्स, न्यायालय भवन और अस्पताल सुविधाओं का विस्तार भी प्रस्तावित है।

वाहनों के री-रजिस्ट्रेशन पर टैक्स में राहत
सरकार ने अन्य राज्यों से राजस्थान आने वाले वाहनों के री-रजिस्ट्रेशन पर रोड टैक्स में विशेष छूट देने का प्रस्ताव रखा है। इससे वाहन मालिकों, ट्रांसपोर्ट कंपनियों और कॉरपोरेट सेक्टर को राहत मिलने की उम्मीद है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से राजस्थान लॉजिस्टिक्स हब के रूप में उभर सकता है और राज्य का राजस्व भी बढ़ सकता है।

नई नीति का संभावित प्रभाव
नई व्यवस्था में री-रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को तेज और ऑनलाइन बनाने की योजना है, जबकि एनओसी की अनिवार्यता जारी रहेगी। कम टैक्स दरों के कारण अन्य राज्यों के मुकाबले राजस्थान वाहन रजिस्ट्रेशन के लिए अधिक आकर्षक बन सकता है। उद्योग जगत और परिवहन संगठनों ने इस पहल का स्वागत किया है।

कुल मिलाकर, बजट 2026-27 में आवास, आधारभूत संरचना, सामाजिक सुरक्षा और निवेश आकर्षित करने पर विशेष जोर देते हुए राज्य के व्यापक विकास की रूपरेखा प्रस्तुत की गई है।

विशिखा मीडिया

विशिखा ने जनवरी 2019 से राजस्थान की राजधानी जयपुर से हिंदी मासिक पत्रिका के रूप में अपनी नींव रखी। राजस्थान में सफलता का परचम फहराने के बाद विशिखा प्रबंधन ने अप्रैल 2021 से उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से मासिक पत्रिका के रूप में अपना प्रकाशन आरम्भ करने का निर्णय लिया। इसी बीच लोगों की प्रतिक्रियाएं आईं कि विशिखा का प्रकाशन दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी होना चाहिये। पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए विशिखा प्रबंधन ने 1 जनवरी 2022 से जयपुर से दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी अपना प्रकाशन आरम्भ किया। विशिखा में प्रमुख रूप से राजनैतिक गतिविधियों सहित, कला, समाज, पर्यटन, एवं अन्य विषयों से संबंधित विस्तृत आलेख प्रकाशित होते हैं। विशिखा पत्रिका ने अपने विस्तृत आलेखों और दैनिक न्यूज़ विश्लेषण के माध्यम से अपने पाठकों को जानकारी और ज्ञान की दुनिया में ले जाने का महत्वपूर्ण काम किया है। अपनी सटीक खबरों, विस्तृत रिपोर्टों और विशेष विषयों पर आधारित लेखों के साथ, विशिखा ने लगातार अपनी विश्वसनीयता बनायी हुई है। विशिखा मासिक पत्रिका की खबरों की गुणवत्ता, नवीनता और सटीकता को ध्यान में रखते हुए इस पत्रिका ने अपने पाठकों का दिल जीता है। यह पत्रिका न केवल जानकारी उपलब्ध कराती है, बल्कि लोगों के बीच अपने विचारों के आदान प्रदान के लिए एक मंच भी उपलब्ध करती है। इसके लेखक, संपादक और टीम का प्रयास निरंतर यह होता है कि पाठकों को एक अच्छा अनुभव देने के साथ-साथ सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक मुद्दों के साथ-साथ समस्याओं के समाधान पर ध्यान केंद्रित करें। विशिखा का लक्ष्य आपको विभिन्न विषयों पर अद्भुत लेखों से परिचित कराना है। पत्रिका के माध्यम से हम लेखकों, संगठनों, एवं समाज के प्रतिष्ठित और सामान्य लोगों को उनकी रचनात्मक योग्यताओं के आधार पर साझा करने का प्रयास करना है। पत्रिका टीम का मूल मंत्र है- रचनात्मकता, नैतिकता और उच्चतम गुणवत्ता। विशिखा हिंदी मासिक पत्रिका है जो 2019 में शुरू हुई थी। वर्तमान में यह राजस्थान और उत्तराखंड से प्रकाशित की जाती है। इसमें विभिन्न विषयों पर लेख शामिल होते हैं जैसे कि करंट अफेयर्स, साहित्य, महिलाएं, यात्रा और अधिक। हमारी पत्रिका उन लोगों के लिए है जो ज्ञान और सूचना की तलाश में होते हैं और उन्हें उन विषयों से रुबरु कराने का एक मंच प्रदान करती हैं।

Leave a Reply

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading