दिल्ली में बेहद हाई प्रोफाइल इलाके चाणक्यपुरी में स्थित इजरायली एंबेसी के पीछे एक खाली प्लॉट में मंगलवार की शाम करीब 5.10 बजे जोरदार धमाका हुआ. आसपास के कई लोगों ने इस धमाके की आवाज सुनी. इस बीच शाम 6 बजे दिल्ली के फायर सर्विस डिपार्टमेंट के पास एक अज्ञात शख्स ने फोन किया और इस विस्फोट की जानकारी दी।
हमास के हमले के बाद इजरायल लगातार गाजा में एयरस्ट्राइक कर रहा है. इसका असर दुनिया भर में देखा जा रहा है. ईरान, तुर्की और पाकिस्तान सहित तमाम मुस्लिम देशों ने इजरायल के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है। इजरायल और हमास के बीच जारी जंग का असर समुद्री व्यापार पर भी दिख रहा है और अब हमास समर्थित संगठन समुद्री जहाजों पर हमला करने से भी नहीं चूक रहे हैं. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हो रही इस उथल-पुथल के बीच नई दिल्ली में इजरायली दूतावास के पीछे खाली पड़े प्लॉट में मंगलवार को एक धमाका हुआ है. इस ब्लास्ट में किसी को नुकसान नहीं पहुंचा है, लेकिन पुलिस को धमाके वाली जगह के पास एक लेटर मिला है, जिसमें चौंकाने वाली बातें लिखी हुई हैं. एक पेज की इस चिट्ठी में इजरायल को लेकर आक्रोश जाहिर किया गया है। जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि ब्लास्ट आखिर क्यों और किस उद्देश्य से किया गया था, और ना ही उस शख्स के बारे में पता चल सका, जिसने फोन करके इस धमाके की सूचना फायर सर्विस डिपार्टमेंट को दी. स्पेशल सेल की टीम ने जब गहनता से जांच-पड़ताल शुरू की तो धमाके वाली जगह से थोड़ी दूरी पर एक पेज का एक लेटर मिला. जो इजरायल के राजदूत को संबोधित करते हुए लिखा गया है।
चिट्ठी में ना सिर्फ इजरायल के खिलाफ गुस्से का इजहार किया गया है, बल्कि बदला लेने की बात भी कही गई है. यह लेटर किसी ने हाथों से नहीं लिखा है, बल्कि इसे टाइप किया गया है. चिट्ठी में गाजा में चल रहे इजरायल की कार्यवाही का जिक्र भी किया गया है. चिट्ठी मिलने के बाद अब पुलिस अलग-अलग एंगल को लेकर जांच कर रही है.
एंबेसी के डिप्टी चीफ ओहद नकाश कयनार बताया कि उनके सभी राजनयिक और कर्मचारी सुरक्षित हैं. उनकी सुरक्षा टीम, दिल्ली पुलिस के साथ मिलकर काम कर रही है. मौके से जो लेटर मिला है, उसे उंगलियों के निशान की जांच के लिए इसे फोरेंसिक लैब में भेजा गया है।





