बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में प्रसाद की गुणवत्ता को लेकर एसओपी जारी

बदरीनाथ और केदारनाथ धाम के साथ-साथ बीकेटीसी के अंतर्गत आने वाले अन्य मंदिरों में भोग और प्रसाद की गुणवत्ता और शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की है। इस एसओपी में भोग प्रसाद की तैयारी, उसमें उपयोग होने वाली खाद्य सामग्री, उसके भंडारण और निगरानी के निर्देश दिए गए हैं। साल में कम से कम एक बार भोग और प्रसाद का खाद्य सुरक्षा ऑडिट कराया जाएगा। तिरुपति मंदिर के प्रसाद में देसी घी के लड्डू में मिलावट की घटना के बाद, बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी विजय प्रसाद थपलियाल ने भी बदरीनाथ, केदारनाथ धाम और अन्य मंदिरों के भोग और प्रसाद के लिए एसओपी जारी की है।
इसमें भोग और प्रसाद में उपयोग किए जाने वाले चावल, तेल, घी, मसाले, और केसर की गुणवत्ता की जांच और इन्हें विश्वसनीय व्यापारियों से खरीदने के निर्देश दिए गए हैं। भोग और प्रसाद बनाने में इस्तेमाल किए जाने वाले तेल का उपयोग तीन बार से अधिक न करने के निर्देश भी दिए गए हैं। इसके अलावा, भोग और प्रसाद की तैयारी के दौरान स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है। खाद्य सामग्री को अधिक समय तक स्टॉक में न रखने और उसकी नियमित जांच करने के निर्देश भी दिए गए हैं। साथ ही, साल में एक बार भोग और प्रसाद का फूड सेफ्टी ऑडिट कराया जाएगा, जिसमें भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण द्वारा अधिकृत प्रयोगशाला में खाद्य सामग्री की जांच की जाएगी।

विशिखा मीडिया

विशिखा ने जनवरी 2019 से राजस्थान की राजधानी जयपुर से हिंदी मासिक पत्रिका के रूप में अपनी नींव रखी। राजस्थान में सफलता का परचम फहराने के बाद विशिखा प्रबंधन ने अप्रैल 2021 से उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से मासिक पत्रिका के रूप में अपना प्रकाशन आरम्भ करने का निर्णय लिया। इसी बीच लोगों की प्रतिक्रियाएं आईं कि विशिखा का प्रकाशन दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी होना चाहिये। पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए विशिखा प्रबंधन ने 1 जनवरी 2022 से जयपुर से दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी अपना प्रकाशन आरम्भ किया। विशिखा में प्रमुख रूप से राजनैतिक गतिविधियों सहित, कला, समाज, पर्यटन, एवं अन्य विषयों से संबंधित विस्तृत आलेख प्रकाशित होते हैं। विशिखा पत्रिका ने अपने विस्तृत आलेखों और दैनिक न्यूज़ विश्लेषण के माध्यम से अपने पाठकों को जानकारी और ज्ञान की दुनिया में ले जाने का महत्वपूर्ण काम किया है। अपनी सटीक खबरों, विस्तृत रिपोर्टों और विशेष विषयों पर आधारित लेखों के साथ, विशिखा ने लगातार अपनी विश्वसनीयता बनायी हुई है। विशिखा मासिक पत्रिका की खबरों की गुणवत्ता, नवीनता और सटीकता को ध्यान में रखते हुए इस पत्रिका ने अपने पाठकों का दिल जीता है। यह पत्रिका न केवल जानकारी उपलब्ध कराती है, बल्कि लोगों के बीच अपने विचारों के आदान प्रदान के लिए एक मंच भी उपलब्ध करती है। इसके लेखक, संपादक और टीम का प्रयास निरंतर यह होता है कि पाठकों को एक अच्छा अनुभव देने के साथ-साथ सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक मुद्दों के साथ-साथ समस्याओं के समाधान पर ध्यान केंद्रित करें। विशिखा का लक्ष्य आपको विभिन्न विषयों पर अद्भुत लेखों से परिचित कराना है। पत्रिका के माध्यम से हम लेखकों, संगठनों, एवं समाज के प्रतिष्ठित और सामान्य लोगों को उनकी रचनात्मक योग्यताओं के आधार पर साझा करने का प्रयास करना है। पत्रिका टीम का मूल मंत्र है- रचनात्मकता, नैतिकता और उच्चतम गुणवत्ता। विशिखा हिंदी मासिक पत्रिका है जो 2019 में शुरू हुई थी। वर्तमान में यह राजस्थान और उत्तराखंड से प्रकाशित की जाती है। इसमें विभिन्न विषयों पर लेख शामिल होते हैं जैसे कि करंट अफेयर्स, साहित्य, महिलाएं, यात्रा और अधिक। हमारी पत्रिका उन लोगों के लिए है जो ज्ञान और सूचना की तलाश में होते हैं और उन्हें उन विषयों से रुबरु कराने का एक मंच प्रदान करती हैं।

Leave a Reply

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading