महाकुंभ की सुरक्षा इस बार एआई आधारित सीसीटीवी कैमरे से

लखनऊ। प्रदेश का मुख्यमंत्री योगी हो तो महाकुंभ की भव्यता में कैसे कमी रह सकती है। भव्यता ही नहीं यहां आने वाले सनातनियों के रहन-सहन की भी पूरी व्यवस्था की गई है। महाकुंभ को दिव्य, भव्य महाकुंभ बनाने के लिये इस बार सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन में एआइ आधारित 2750 सीसीटीवी कैमरे बड़ी भूमिका निभाएंगे। अभी एक हजार सीसी कैमरे लगाए जा चुके हैं। शहर से लेकर मेला क्षेत्र तक 2750 सीसीटीवी कैमरे से निगरानी की जाएगी। शहर के विभिन्न स्थानों 80 वीएमडी टीवी स्क्रीन को लगाया जाएगा, जिस पर महत्वपूर्ण जानकारियों को प्रदर्शित किया जाएगा।
कुंभ मेला अधिकारी विजय किरण कहते हैं कि सीसीटीवी को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से लैस किया जाएगा। महाकुंभ में करोड़ों श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। ऐसे में मेला क्षेत्र, मेला को जाने वाले मार्ग और शहर के प्रमुख मार्गों पर क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम वाले एआइ आधरित रियल टाइम वाले टाइम अलर्ट सीसीटीवी भी लगाए जा रहे हैं इसकी मानीटरिंग के लिए कंट्रोल रूम से अलग से व्यवस्था की जा रही है। महाकुंभ मेला हेल्पलाइन 1920 के लिए डेडिकेटेड काल सेंटर स्थापित किया जा रहा है, जहां पर 24 घंटे 50 पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। कोई संदिग्ध व्यक्ति, वस्तु या फिर अगर किसी स्थान पर ज्यादा भीड़ एकत्रित होने पर संबंधित चौकी व थाने को सूचना देंगे, ताकि वहां से भीड़ को कम किया जा सके। पांच लाख से अधिक वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था की जा रही है।
पिछले कुंभ में स्टेशन पर भीड़ नियंत्रण में बड़ी चूक हुई थी जिससे कई श्रद्धालुओं की जान चली गई थी, इसी को ध्यान में रखते हुए अबकी बार महाकुंभ के दृष्टिगत प्रयागराज जक्शंन पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लगातार माक ड्रिल किया जा रहा है। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक हिमांशु शुक्ला के नेतृत्व पर वाणिज्य विभाग ने रेलवे सुरक्षा बल के साथ मिलकर माक ड्रिल किया। माक ड्रिल में वाणिज्य कर्मचारियों ने रेलवे सुरक्षा बल के साथ स्टेशन परिसर में यात्रियों को दिशावर यात्रानुसार गेट से प्रवेश से लेकर गाड़ी तक भेजने की व्यवस्था, टिकट दिलाना, गाड़ी की जानकारी देना, भीड़ को नियंत्रित करना, यात्रियों के प्लेटफार्म पर गाड़ी के अंदर भेजना और गाड़ी को प्रस्थान कराने का अभ्यास किया गया।
संजय सक्सेना, लखनऊ

विशिखा मीडिया

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