संभल हिंसा में शामिल आरोपियों की धरपकड़ शुरू, कई लोगों ने घर छोड़ा, पुलिस की ताबड़तोड़ दबिश जारी

संभल में हिंसा के आरोपियों की धरपकड़ शुरू होते ही इलाके के लोगों ने घर छोड़ना शुरू कर दिया है। जिन्होंने उपद्रव में हिस्सा नहीं लिया, वे भी पुलिस कार्रवाई के डर से घर छोड़कर जा रहे हैं। अधिकतर घरों में ताले लगे हुए हैं। जो घर खुले हैं, उनमें केवल बुजुर्ग ही दिखाई दे रहे हैं। 24 नवंबर को जामा मस्जिद सर्वे के दौरान नखासा तिराहा, हिंदूपुरा खेड़ा और जामा मस्जिद के पास हिंसा भड़क उठी थी। उपद्रवियों ने पुलिस पर पथराव और फायरिंग की थी, जिसमें पांच लोगों की मौत हो गई और कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने हिंसा प्रभावित इलाकों के कई लोगों को आरोपी बनाया है, जिससे जामा मस्जिद के आसपास और हिंदूपुरा खेड़ा के ज्यादातर घर खाली पड़े हैं। नखासा तिराहा पर कुछ हलचल जरूर दिख रही है, लेकिन शाम ढलते ही वहां सन्नाटा छा जाता है। माना जा रहा है कि पुलिस कार्रवाई के डर से वे लोग भी घर छोड़कर जा रहे हैं, जो पहले हिंसा के बाद लौट आए थे।
एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई का कहना है कि जो लोग हिंसा में शामिल नहीं हैं, उन्हें डरने की जरूरत नहीं है। उपद्रव में शामिल लोगों को जेल भेजा जाएगा। बुधवार को पुलिस ने कोतवाली क्षेत्र के अंजुमन निवासी वसीम को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। वसीम नखासा तिराहा पर हुई हिंसा में शामिल था। एसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में कई उपद्रवियों की पहचान हुई है। तीन महिलाओं समेत 34 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है और अन्य की तलाश जारी है। पांच टीमें फोटो और वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान में जुटी हैं। अब तक 300 से अधिक उपद्रवियों की पहचान हो चुकी है, जिनकी गिरफ्तारी की जानी है।
24 नवंबर की हिंसा में सैकड़ों की संख्या में उपद्रवी शामिल थे। पुलिस ने अब तक सात एफआईआर दर्ज की हैं, जिनमें 2750 अज्ञात आरोपियों के नाम हैं। नखासा थाना और संभल कोतवाली पुलिस ने मंगलवार देर रात कई जगह छापेमारी कर कुछ लोगों को हिरासत में लिया है। हालांकि, थाने के प्रभारियों ने हिरासत में लेने की बात स्वीकार नहीं की है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक, पूछताछ जारी है। पुलिस हिंसा में शामिल नकाबपोश उपद्रवियों की भी पहचान के प्रयास कर रही है। वीडियो और फोटो के आधार पर कार्रवाई तेज कर दी गई है, और हर आरोपी को जल्द ही गिरफ्तार करने का दावा किया जा रहा है।
उपद्रव के दौरान विदेश कारतूस का इस्तेमाल किया गया है। इसके चलते ही दूसरे दिन भी टीम ने छानबीन की है। हालांकि दूसरे दिन कुछ मिला नहीं है। यह छानबीन आगे भी जारी रहेगी। -कृष्ण कुमार विश्नोई, एसपी, संभल

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