एजबेस्टन टेस्ट के चौथे दिन शुभमन गिल ने दूसरी पारी में 162 गेंदों में 13 चौके और 8 छक्के लगाते हुए धमाकेदार 161 रन बनाए। इससे पहले पहली पारी में उन्होंने 269 रनों की शानदार पारी खेली थी। इस तरह गिल ने इस टेस्ट मैच में कुल 430 रन बनाकर इतिहास रच दिया।
भारतीय टेस्ट टीम की कप्तानी मिलने और बल्लेबाजी क्रम में एक स्थान नीचे चौथे नंबर पर आने के बाद से ही गिल का खेल पूरी तरह बदल गया है। इंग्लैंड दौरे पर उन्होंने चार पारियों में तीन शतक जड़ दिए हैं। एजबेस्टन टेस्ट की दोनों पारियों में शतक ठोककर गिल ने 54 साल पुराना रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
शनिवार को खेले गए इस मैच में उनके 430 रनों के ऐतिहासिक योगदान से गिल एक टेस्ट मैच में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाज बन गए हैं। उन्होंने इस मामले में सुनील गावस्कर का रिकॉर्ड तोड़ दिया, जिन्होंने 1971 में वेस्टइंडीज के खिलाफ पोर्ट ऑफ स्पेन में एक मैच में 344 रन बनाए थे।
गिल, टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में एक ही मैच में 400 से ज्यादा रन बनाने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं। इसके अलावा, वे टेस्ट क्रिकेट में दोनों पारियों में शतक लगाने वाले आठवें भारतीय बल्लेबाज भी बन गए हैं। साथ ही, वे ऐसे नौवें खिलाड़ी हैं जिन्होंने एक ही टेस्ट में दोहरा शतक और शतक लगाने का कारनामा किया है।
ग्लोबल रिकॉर्ड की बात करें तो गिल, एक टेस्ट में सर्वाधिक रन बनाने वाले दुनिया के दूसरे बल्लेबाज बन गए हैं। उनसे आगे सिर्फ इंग्लैंड के पूर्व खिलाड़ी ग्राहम गूच हैं, जिन्होंने जुलाई 1990 में भारत के खिलाफ लॉर्ड्स टेस्ट में कुल 456 रन बनाए थे। गूच ने उस मैच में पहली पारी में 333 और दूसरी पारी में 123 रन बनाए थे।
भारत इंग्लैंड मैच: एक टेस्ट मैच में 400 से अधिक रन बनाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बने शुभमन गिल






