2024 का लोकसभा चुनाव नजदीक है, ऐसे में बीजेपी संगठन स्तर पर भी बदलाव करने में जुटी है। बीजेपी अपनी तैयारी में कोई कसर बाकी नहीं रखना चाहती है। हाल ही में बीजेपी ने अनुपम हाजरा को राष्ट्रीय मंत्री पद से हटा दिया था। बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने पत्र के जरिए ये जानकारी दी थी। पत्र में लिखा था, ‘भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा के निर्देशानुसार अनुपम हाजरा को राष्ट्रीय मंत्री पद से मुक्त किया जाता है। यह सूचना तत्काल प्रभाव से लागू होगी।’ सितंबर 2023 अनुपम हाजरा ने यह कहकर विवाद खड़ा कर दिया था कि CBI और ED के समन से डरने वाले ‘भ्रष्ट’ टीएमसी नेताओं को बीजेपी में शामिल होने के लिए उनसे कॉन्टैक्ट करना चाहिए। ये बोलकर उन्होंने अपनी ही पार्टी को सवालों के घेरे में खड़ा कर दिया था। उनके बयान पर तृणमूल कांग्रेस ने जहां जोरदार पलटवार किया था, वहीं उनकी पार्टी बीजेपी ने उनकी टिप्पणी से किनारा कर लिया था।
लोकसभा चुनाव के लेकर संगठन की तैयारियों को भी चाक-चौबंद किया जा रहा है। इसी कड़ी में बुधवार को बीजेपी ने अपने सभी 7 मोर्चों के नए प्रभारियों के नाम का ऐलान कर दिया है। इसमें सभी जनरल सेक्रेट्ररी इंचार्ज बनाए गए हैं, जबकि एक राष्ट्रीय उपाध्यक्ष को जिम्मेदारी दी गई है, वो जय पांडा हैं जिन्हें महिला मोर्चा का इंचार्ज बनाया गया है। जय पांडा असम और दिल्ली के प्रभारी हैं। सुनील बंसल को तरुण चुग के स्थान पर युवा मोर्चा का नया प्रभारी बनाया गया है। महिला मोर्चा का प्रभारी, दुष्यंत गौतम की जगह विजयंत जय पांडा को बनाया गया है। वहीं बंदी संजय कुमार को किसान मोर्चा का प्रभारी बनाया गया है। ओबीसी मोर्चा का प्रभारी विनोद तावड़े को बनाया गया है। इस मोर्चा के प्रभारी पहले अरुण सिंह थे। अल्पसंख्यक मोर्चा प्रभारी दुष्यंत गौतम को बनाया गया है। इसकी जिम्मेदारी पहले डी पुरुंदेश्वरी के पास थी। वहीं एससी मोर्चा की जिम्मेदारी तरुण चुग को दी गई है. इस मोर्चा के प्रभारी पहले सीटी रवि थे। एसटी मोर्चा के प्रभारी राधामोहन दास अग्रवाल को बनाया गया है। इसके प्रभारी पहले दिलिप सैकिया थे।
राजनीतिक माहौल का जायजा लेने और पार्टी संगठन को मजबूत बनाने के लिए अब तक चलाए गए अभियानों की समीक्षा करने के लिए पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा जल्द ही राज्यों का दौरा करने वाले हैं।






