कर्नाटक के उडुपी से बीजेपी विधायक यशपाल सुवर्णा ने कांग्रेस एमएलसी बी.के. हरिप्रसाद पर आरोप लगाया कि वह “राष्ट्र-विरोधी हैं,” “हिंदू” नहीं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस में अगर कोई हाशिये पर धकेला गया है तो वह हरिप्रसाद हैं। इससे पहले हरिप्रसाद ने प्रधानमंत्री मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के धर्म पर सवाल उठाया था। सुवर्णा ने कहा, “उन्हें दरकिनार कर दिया गया है और उनके पास राम मंदिर पर बोलने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। यह आह्वान केवल रामभक्तों और देशभक्तों के लिए किया गया है। राष्ट्र विरोधियों को राम मंदिर नहीं जाना चाहिए। हरिप्रसाद देशद्रोही हैं. उनके बयानों को गंभीरता से नहीं लिया जाना चाहिए।” उन्होंने कहा कि गोधरा जैसी घटना के लिए कांग्रेस की भारत विरोधी मानसिकता भी जिम्मेदार है।
सुवर्णा ने कहा, हरिप्रसाद ने पाकिस्तानी मानसिकता के साथ बयान जारी किया था। भक्तों की रक्षा भगवान राम, हनुमान और लक्ष्मण करेंगे। बी.के. हरिप्रसाद ने कहा था कि कर्नाटक में गोधरा जैसी घटना दोहराए जाने की आशंका है, और उन्होंने राज्य सरकार से आने वाले दिनों में अयोध्या की यात्रा करने वालों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का आग्रह किया था। हरिप्रसाद ने ये भी कहा था कि कर्नाटक में गोधरा जैसी घटना हो सकती है। सरकार को अयोध्या जा रहे लोगों को सुरक्षा देनी चाहिए। सूबे में गोधरा जैसी घटना को अंजाम देने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा था कि राम मंदिर का उद्घाटन अब कोई धार्मिक कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि राजनीतिक हो गया है, और अगर यह एक धार्मिक आयोजन होता तो हम सभी इसमें शामिल होते। उन्होंने परोक्ष रूप से प्रधानमंत्री मोदी का जिक्र करते हुए कहा, ‘अभी तक हमें विश्वगुरु और गृह मंत्री अमित शाह का धर्म ही नहीं पता है।’





