राजधानी भोपाल में पकड़ी गई करोड़ों की एमडी ड्रग्स की खेप का कनेक्शन मंदसौर से होने का बड़ा खुलासा हुआ है। 1800 करोड़ रुपये की इस बड़ी जब्ती में गुजरात एटीएस और एनसीबी की टीमों ने भोपाल के अमित चतुर्वेदी और महाराष्ट्र के नासिक निवासी प्रकाश सान्याल को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि गुजरात एटीएस और एनसीबी की संयुक्त टीम ने भोपाल के कटारा हिल्स क्षेत्र के प्लॉट नंबर 63 बगरौदा पठार थाना कटारा हिल्स में स्थित एक बंद फैक्टरी पर छापा मारा। इस फैक्टरी के टीन शेड में 60 किलो एमडी सॉलिड पाउडर और 907 किलो लिक्विड मिला था, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 1800 करोड़ रुपये आंकी गई है। मौके पर आरोपी प्रकाश सान्याल और अमित चतुर्वेदी को गिरफ्तार किया गया था।
अधिकारिक जानकारी के अनुसार, एमडी ड्रग फैक्टरी का कनेक्शन मंदसौर से भी जुड़ा हुआ है। सूत्रों के मुताबिक, नाहरगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम माल्या में छापा मारकर हरिश को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। बताया जाता है कि हरिश, सान्याल के संपर्क में था। मंदसौर एसपी अभिषेक आनंद और उनकी टीम भी माल्या पहुंची थी।
फैक्टरी को अमित चतुर्वेदी, पिता पीसी चतुर्वेदी, उम्र 58 वर्ष, निवासी द्वारकापुरी कॉलोनी कोटरा सुल्तानाबाद पीएनटी ने लगभग 6-7 महीने पहले किराए पर लिया था। वहां उन्होंने मुंबई से मशीनरी मंगवाकर फैक्टरी स्थापित की और सान्याल, पिता प्रकाश नारायण निवासी नासिक, महाराष्ट्र के साथ मिलकर केमिकल से सिंथेटिक ड्रग एमडी बना रहे थे। सान्याल पहले एनडीपीएस एक्ट के तहत मुंबई की आर्थर रोड जेल में 5 साल तक बंद रह चुका है। फैक्टरी में तीन मजदूर काम कर रहे थे, जो अंदर ही रहते थे और फैक्टरी के गेट पर हमेशा ताला लगा रहता था। अमित और सान्याल बाहर चले जाते थे और मजदूर अंदर ड्रग्स बनाते थे। सूत्रों के अनुसार, अफजलपुर थाना क्षेत्र के माल्या गांव का हरीश आंजना, सान्याल के संपर्क में था और माल की सप्लाई का काम भी करता था। मंदसौर में एटीएस की कार्रवाई के बाद स्थानीय पुलिस भी सक्रिय हो गई है।
मंदसौर जिले में मादक पदार्थ तस्करों पर नियंत्रण को लेकर पुलिस की भूमिका सवालों के घेरे में है। पहले सीतामऊ थाना क्षेत्र में सेंट्रल नारकोटिक्स ब्यूरो ने छापा मारकर 30 क्विंटल से अधिक डोडाचूरा जब्त किया था। अब भोपाल में पकड़ी गई एमडी ड्रग फैक्टरी के तार भी मंदसौर से जुड़े हैं। इसके अलावा, तीन दिन पहले रतलाम जिले के ताल थाना पुलिस ने 3 किलो एमडी ड्रग जब्त की थी, जिसमें भी मंदसौर से कनेक्शन सामने आया था। इस वजह से मंदसौर पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं।
भोपाल में पकड़ी गई करोड़ों की ड्रग्स मामले के तार मंदसौर से जुड़े






