दिल्ली-राजस्थान से लेकर यूपी तक की विधान सभाओं में हंगामा

यह अफसोसजनक है कि लोकसभा और राज्यसभा की तरह तमाम राज्यों की विधानसभाएं भी सत्ता और विपक्ष के जोर आजमाइश का अड्डा बनते जा रहे है, जिस कारण से जनहित के कई फैसलों पर निर्णय नहीं हो पाता है। हाल यह है कि राजस्थान में कांग्रेस, बीजेपी सरकार के खिलाफ इस लिये सड़क पर उतरी हुई है क्योंकि बीजेपी के एक मंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को दादी कह दिया। इसी प्रकार दिल्ली में आम आदमी पार्टी के नेता रेखा गुप्ता की चार दिन पुरानी सरकार को इसलिये घेर रहे हैं क्योंकि बीजेपी ने महिलाओं को ढाई हजार रूपये देने वाले वादे को अभी तक पूरा नहीं किया है। वही उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी के नेता इस लिये विधान सभा नहीं चलने दे रहे हैं क्योंकि उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने विधान सभा में चर्चा के दौरान समाजवादी पार्टी के नेताओं पर कटाक्ष करते हुए कह दिया था कि आपकी पार्टी के नेता कहते हैं कि लड़कों से गलती हो जाती है, उन्हें फांसी पर तो नहीं लटका दिया जायेगा। बृजेश पाठक ने किसी नेता का नाम नहीं लिया,लेकिन क्योंकि यह बात कभी सपा के पूर्व प्रमुख मुलायम सिंह यादव ने एक जनसभा के महिलाओं के बलात्कार की बढ़ती घटनाओं पर अपने विचार रखने के दौरान कही थी। इसलिये समाजवादी आग बबूला हो गये। विधान सभा में हंगामा खड़ा कर दिया कि नेताजी को अपमान बर्दाशत नहीं करेंगे। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना लगातार समाजवादी नेताओं से पूछ रहे हैं कि बताएं नेताजी का क्या अपमान किया गया है। यदि उनकी बात सही होगी तो वह मंत्री जी से माफी मंगवायेंगे,लेकिन समाजवादियों को हंगामे के अलावा कुछ रास नहीं आ रहा है।
बता दें उत्तर प्रदेश विधानमंडल का बजट सत्र 2025 चल रहा है। आज 24 फरवरी को बजट सत्र के दौरान मुलायम सिंह के नाम पर हंगामा हो गया। दरअसल, सदन की कार्यवाही शुरू होते ही प्रश्न पहर में उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने मुलायम सिंह की कही गई बात पर तंज कसते हुए कहा कि लड़के हैं गलती हो जाती है इस बात को कितने सपा सदस्य मानते हैं। इसके बाद सदन में हंगामा शुरू हो गया। विधानसभा में उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक की टिप्पणी पर सपा सदस्यों ने वेल में आकर धरना दिया। सपा सदस्य नारेबाजी करने लगे। सपा सदस्यों ने स्वास्थ्य मंत्री को बर्खास्त करने की मांग की। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना सपा सदस्यों को बार-बार चेतावनी देते रहे पर सपाइयों का हंगामा जारी रहा
दरअसल, उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव के बयान पर सपा सदस्यों से पूछा था कि क्या उनकी बातों पर अमल करेंगे। नारेबाजी कर सपा सदस्यों ने उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक पर अमर्यादित टिप्पणी की। विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने ब्रजेश पाठक पर अमर्यादित टिप्पणी करने वाले सपा सदस्यों पर कड़ी कार्रवाई करने की चेतावनी दी। सपा विधायक सदन वेल में धरने पर बैठ गए हैं। इससे पहले शुक्रवार 21 फरवरी को प्रश्न प्रहर में सपा की सदस्य डॉ. रागिनी और माता प्रसाद के सवाल पर मुख्यमंत्री योगी सपा पर खूब बरसे थे। सवालों का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आपका बयान आपके नेता जैसा है। समाजवादी पार्टी के सदस्यों को कि जिस तरह इनके नेता कहते हैं कि भारत विकसित देश नहीं बन सकता, वैसे ही यह भी दुर्भावनावश ऐसा कह रही हैं। उन्होंने कहा कि यह सही लग रहा है कि सपाई जिस थाली में खाते हैं उसी में छेद करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश वर्ष 2029 तक वन ट्रिलियन इकोनॉमी का लक्ष्य हर हाल में हासिल कर लेगा। इसके लिए सरकार ने सभी विभागों को दस सेक्टर में बांट कर सभी को जिम्मेदारी सौंपी है। हर पंद्रह दिन में विभाग के अपर मुख्य सचिव या प्रमुख सचिव इसकी समीक्षा करते हैं।

अजय कुमार,लखनऊ 

विशिखा मीडिया

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