हमास को पूरी तरह मिटाने तक युद्ध जारी रहेगा: नेतन्याहू

बीते नौ महीनों से इस्राइल और हमास के बीच जारी जंग के बीच इस्राइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू अमेरिका के दौरे पर हैं। यहां उन्होंने अमेरिकी संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने हमास पर फलस्तीनी नागरिकों के लिए भेजे जाने वाली राहत सामग्री को चुराने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि हमास फलस्तीनी नागरिकों को ढाल की तरह इस्तेमाल कर रहा है। उन्होंने हमास के खिलाफ चल रहे युद्ध का बचाव करते हुए हमास और अन्य ईरान समर्थित सशस्त्र समूहों के खिलाफ युद्ध के लिए अमेरिकी समर्थन बढ़ाने की भी मांग की। कांग्रेस के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने गाजा में पूरी तरह जीत मिलने तक युद्ध जारी रखने की कसम भी खाई। उन्होंने कहा कि जब तक हमास को पूरी तरह से मिटा नहीं देते युद्ध खत्म नहीं होगा।
अमेरिका-इस्राइल को एक साथ खड़े होना चाहिए
अमेरिकी कांग्रेस के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए नेतन्याहू ने कहा कि अब जीत हमारे बेहद करीब है। हमास पर हमारी जीत से ईरान को करारा झटका लगेगा। इस दौरान इस्राइली पीएम ने हिजबुल्ला को भी कुचलने की धमकी। उन्होंने कहा कि हम अपने लोगों को सुरक्षित रखने के लिए हर जरूरू कदम उठाएंगे। आगे उन्होंने ईरान को अमेरिका और इस्राइल के लिए संकट बताया। नेतन्याहू ने कहा कि ऐसे में अमेरिका और इस्राइल को एक साथ खड़ा होना चाहिए। जब हम एक साथ खड़े होते हैं तो वास्तव में सब अच्छा होता है। हम जीतते हैं, वे हारते हैं। इस दौरान नेतन्याहू ने गाजा में युद्ध और इससे उत्पन्न मानवीय संकट की निंदा करने वालों की भी आलोचना की। उन्होंने कई प्रदर्शनकारियों पर सात अक्तूबर को हमला करने वाले उग्रवादियों के साथ खड़े होने का भी आरोप लगाया। बेंजामिन ने कहा कि ऐसे लोगों को खुद पर शर्म आनी चाहिए।
अमेरिकी कांग्रेस की संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि इस्राइल ने 40,000 से अधिक सहायता ट्रकों को गाजा में प्रवेश करने दिया है। अगर गाजा में फलस्तीनियों को पर्याप्त भोजन नहीं मिल रहा है, तो इसका कारण यह नहीं है कि इस्राइल इसे रोक रहा है, बल्कि ऐसा इसलिए है क्योंकि हमास इसे चुरा रहा है। आगे बोलते हुए नेतन्याहू ने कहा कि आईडीएफ (इस्राइल रक्षा बल) ने फलस्तीनी नागरिकों को नुकसान से बचाने के लिए लाखों फ्लायर्स भेजे हैं, लाखों टेक्स्ट संदेश भेजे हैं और सैकड़ों-हजारों फोन कॉल किए हैं। हमास पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि हमास फलस्तीनी नागरिकों को नुकसान पहुंचाने के लिए हरसंभव प्रयास करता है। वे स्कूलों, अस्पतालों और मस्जिदों से रॉकेट दागते हैं। जब नागरिक युद्ध क्षेत्र छोड़ने की कोशिश करते हैं तो वे उन्हें गोली भी मार देते हैं। हमास के एक वरिष्ठ अधिकारी फातिह हमद का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि उसने यह दावा किया है फलस्तीनी महिलाएं और बच्चों को मानव ढाल बनना फायदेमंद है।
नेतन्याहू ने अमेरिकी संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए कहा कि इस्राइल के लिए हर नागरिक की मौत एक त्रासदी की तरह है। जबकि हमास की यह एक रणनीति है, वे चाहते हैं कि फलस्तीनी नागरिक मरें ताकि अंतर्राष्ट्रीय मीडिया में इस्राइल की बदनामी हो। वे चाहते हैं कि इस्राइल के युद्ध जीतने से पहले उस पर युद्ध को खत्म करने का दबाव डाला जा सके। आगे उन्होंने कहा कि जैसा कि हमास ने 7 अक्तूबर जैसा हमला फिर से करने की कसम खाई है तो मैं आपको आश्वस्त करना चाहता हूं, चाहे कितना भी दबाव सहना पड़े, मैं ऐसा कभी नहीं होने दूंगा। इस दौरान नेतन्याहू ने गाजा में जंग की आलोचना करने वालो की भी निंदा की। संबोधन के दौरान उन्होंने संसद के बाहर प्रदर्शन कर रहे लोगों को दुश्मन देशों का मददगार करार दिया। उन्होंने कहा कि अमेरिका में ज्यादातर लोग इस्राइल का समर्थन करते हैं, ये वो लोग हैं जो बाहर प्रदर्शन कर रहे लोगों की तरह हमास के झूठ में नहीं फंसे हैं।
नेतन्याहू को मिला स्टैंडिंग ओवेशन
इससे पहले, अमेरिकी संसद में पहुंचने पर हाउस स्पीकर माइक जॉनसन और अन्य रिपब्लिकन सांसदों ने नेतन्याहू का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान जॉनसन ने वहां मौजूद सांसदों को संबोधित करते हुए कहा कि न सिर्फ आज बल्कि हर रोज अमेरिका को इस्राइल के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा होना चाहिए। इतना ही नहीं नेतन्याहू को उनके संबोधन से पहले अमेरिकी कांग्रेस में दो मिनट से भी ज्यादा समय तक स्टैंडिंग ओवेशन भी दिया गया। इस दौरान वाइस प्रेसीडेंट और सीनेट अध्यक्ष कमला हैरिस सदन में उपस्थित नहीं रही। उन्होंने पूर्व निर्धारित चुनावी यात्रा का हवाला देते हुए पहले ही संयुक्त सत्र में रहने से मना कर दिया था। वहीं, वाशिंगटन के सीनेटर पैटी मरे ने भाग लेने से इनकार कर दिया। ऐसे में सीनेट विदेश संबंध समिति के अध्यक्ष सीनेटर बेन कार्डिन ने उनके स्थान पर “सीनेटर प्रो टेम्पोरोर” के रूप में कार्य किया। वहीं, पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सहयोगी जेडी वेंस भी नेतन्याहू के भाषण में शामिल नहीं हुए। कमला हैरिस की अनुपस्थिति को लेकर रिपब्लिकन सांसदों ने विश्वासघात बताया।
नेतन्याहू की यात्रा का हो रहा विरोध
हमास के साथ इस्राइल का युद्ध अमेरिका में एक बड़ा मुद्दा बना हुआ है। इसके कारण विरोध प्रदर्शन हुए और कॉलेज परिसरों में गिरफ्तारियां हुईं। विरोध की तीव्रता इस्राइल प्रधानमंत्री के अमेरिकी दौरे पर और तेज हो गई है। मंगलवार को राजधानी वाशिंगटन में हमास के कब्जे में फंसे बंधकों के परिवारों ने प्रदर्शन किया। सबसे बड़ा विरोध प्रदर्शन बुधवार की सुबह को हुआ जिसमें युद्ध अपराध के आरोपों में नेतन्याहू की गिरफ्तारी की मांग को लेकर कैपिटल बिल्डिंग के आसपास मार्च किया गया। इसमें कम से कम 5,000 के शामिल होने का अनुमान था। हालांकि, मार्च पूरा होने से पहले सुरक्षा कर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार कर लिया। प्रदर्शन में शामिल एक बंधक के रिश्तेदार ने आरोप लगाया कि नेतन्याहू सत्ता में बने रहने के लिए युद्ध विराम और बंधकों की रिहाई के समझौते को टाल रहे हैं। इन परिवारों ने नेतन्याहू से मांग की कि वे युद्ध विराम समझौते पर सहमत हों, जिससे बंधकों को वापस घर लाया जा सके। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन की डेमोक्रेटिक पार्टी के कई नेताओं ने भी नेतन्याहू की यात्रा का विरोध किया है। कुछ सांसदों ने संबोधन का बहिष्कार करने की भी योजना बनाई है। इन नेताओं ने कहा कि वे यह समय हमास द्वारा बंधक बनाए गए लोगों के परिवारों से बातचीत में बिताएंगे। कैपिटल और पोटोमैक नदी के किनारे स्थित होटल के प्रवेश द्वारों के आसपास बाड़ लगाई गई है, जहां नेतन्याहू ठहरे हुए हैं। इस्राइली नेता के दौरे के लिए कैपिटल पुलिस और सीक्रेट सर्विस के जवान बड़ी संख्या में तैनात किए गए हैं।

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