राजस्थान के देवस्थान विभाग द्वारा वर्ष 2025-2026 की वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया अगले महीने, यानी जून से आरंभ होगी। इस योजना में इस बार कई नई सुविधाएं और बदलाव शामिल किए गए हैं।
योजना की तैयारियां जोरों पर
देवस्थान विभाग ने योजना की तैयारियां शुरू कर दी हैं और आवेदन के लिए पोर्टल को भी अपडेट किया जा रहा है, जिसे आगामी दस दिनों में पूरा कर लिया जाएगा। सूत्रों की मानें तो इस बार यात्रियों की संख्या में वृद्धि को देखते हुए तीर्थ यात्रा की शुरुआत जुलाई से पहले ही कर दी जाएगी, जिससे निर्धारित लक्ष्यों को वित्तीय वर्ष के अंत तक पूरा करना आसान होगा।
रेलगाड़ियों में तीर्थस्थलों के संकेतक और सजावट
इस बार तीर्थ यात्रा के लिए उपयोग की जाने वाली ट्रेनों की विशेष सजावट की जाएगी। इन ट्रेनों में साफ-सफाई, सजावट और तीर्थस्थलों के स्पष्ट संकेतक लगाए जाएंगे, जिससे यात्रियों को अपने गंतव्यों की सही जानकारी मिल सके और राज्य के पर्यटन को भी बढ़ावा मिले।
गोवा और आगरा जैसे नए स्थल शामिल
यात्रा में इस बार त्र्यंबकेश्वर, दश्मेश्वर, गोवा और आगरा जैसे लोकप्रिय तीर्थ स्थलों को भी जोड़ा गया है। योजना के तहत कुल 6000 वरिष्ठजन हवाई मार्ग से और 50,000 वरिष्ठ नागरिक एसी ट्रेनों से तीर्थ यात्रा करेंगे।
विशेष अनुभव के साथ थीम आधारित ट्रेन
देवस्थान विभाग के मंत्री जोराराम कुमावत ने बताया कि ट्रेनों की थीम आधारित विशेष डिजाइनिंग की जाएगी, जिसमें राजस्थान के मंदिरों, दुर्गों, लोकनृत्य, त्योहारों और अभयारण्यों की झलक देखने को मिलेगी। हर डिब्बा एक अलग थीम को दर्शाएगा।
बुजुर्गों को पहली बार ऐसा अनुभव मिलेगा
इस योजना के अंतर्गत पहली बार बुजुर्गों को विशेष AC ट्रेनों से तीर्थ यात्रा का अनुभव मिलेगा। ट्रेनें पूरी तरह सुसज्जित होंगी और यात्रा को सुगम बनाने का विशेष ध्यान रखा जाएगा।






