अब यूपीएस के तहत आने वाले केंद्रीय कर्मचारी भी सेवानिवृत्ति और मृत्यु ग्रैच्युटी लाभ के हकदार होंगे। केंद्र सरकार ने घोषणा की है कि यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) के अंतर्गत आने वाले सभी कर्मचारी अब केंद्रीय सिविल सेवा (एनपीएस के तहत ग्रैच्युटी भुगतान) नियम, 2021 के प्रावधानों के अनुसार ये लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
केंद्रीय कार्मिक राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि केंद्र सरकार ने उन सभी केंद्रीय कर्मचारियों को, जो यूपीएस के तहत आते हैं, अब पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) के अंतर्गत सेवानिवृत्ति और मृत्यु ग्रैच्युटी का लाभ देने का निर्णय लिया है। यह कदम लंबे समय से कर्मचारियों द्वारा की जा रही एक महत्वपूर्ण मांग को पूरा करता है और सेवानिवृत्ति लाभों में समानता लाता है।
डॉ. सिंह ने कहा कि यह प्रावधान राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) के तहत सभी श्रेणियों के कर्मचारियों के लिए सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने यह भी बताया कि कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय ने पिछले 11 वर्षों में शासन को सरल बनाने, नागरिकों को सशक्त बनाने और प्रशासन को अधिक मानवीय बनाने के लिए कई सुधार लागू किए हैं।
बुधवार को पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग (डीओपीपीडब्ल्यू) ने एक आदेश जारी किया, जिसमें कहा गया कि यदि यूपीएस के अंतर्गत आने वाले किसी कर्मचारी की सेवा के दौरान मृत्यु, अक्षमता या विकलांगता के कारण सेवा समाप्त होती है, तो उन्हें ओपीएस के तहत मिलने वाले लाभों का विकल्प दिया जाएगा।
डीओपीपीडब्ल्यू के सचिव वी. श्रीनिवास ने बताया कि यह आदेश कर्मचारियों को यह विकल्प प्रदान करता है कि यदि सेवा के दौरान उनकी मृत्यु हो जाए, तो उन्हें फिर से ओपीएस के दायरे में लाया जा सके। यह एक प्रगतिशील कदम है और कर्मचारियों द्वारा लगातार उठाए जा रहे सवालों का समाधान करता है।
यूपीएस के तहत आने वाले केंद्रीय कर्मचारी भी अब सेवानिवृत्ति, मृत्यु ग्रैच्युटी लाभ के हक़दार






