
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान गुरुवार को श्री अकाल तख्त साहिब पर पेश हुए। इस दौरान उन्होंने सिख पंथ से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर अपना पक्ष रखा। मुख्यमंत्री की जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज से करीब 45 मिनट तक मुलाकात हुई।
मुख्यमंत्री भगवंत मान सुबह नंगे पांव श्री हरमंदिर साहिब पहुंचे और दरबार साहिब में माथा टेका। इसके बाद वे श्री अकाल तख्त साहिब पहुंचे, जहां उन्होंने अपने बयानों को लेकर जत्थेदार कुलदीप सिंह गड़गज्ज को लिखित व मौखिक रूप से स्पष्टीकरण सौंपा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वे एक सामान्य सिख के रूप में नंगे पांव अकाल तख्त साहिब में उपस्थित हुए हैं। उन्होंने कहा कि यह गलत धारणा बनाई जा रही थी कि वे श्री अकाल तख्त साहिब की सर्वोच्चता को चुनौती दे रहे हैं, जबकि उनकी ऐसी कोई मंशा नहीं है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि अब इस मामले में सिंह साहिब जो भी निर्णय लेंगे, उसकी जानकारी उन्हें बाद में दी जाएगी और वे अकाल तख्त साहिब के हर फैसले का सम्मान करेंगे।





