
इज़रायल और संयुक्त राज्य अमेरिका के हमलों के बीच ईरान में बड़े राजनीतिक घटनाक्रम की खबरें सामने आ रही हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, आयतुल्लाह अली खामेनेई की कथित मौत के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को नया सर्वोच्च नेता बनाए जाने और अहमद वाहिदी को कमांडर-इन-चीफ नियुक्त किए जाने की चर्चा है।
पश्चिम एशिया में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। इज़रायल और अमेरिका की ओर से ईरान पर हमलों का सिलसिला जारी है, जबकि जवाबी कार्रवाई में ईरान भी मिसाइल और ड्रोन से हमले कर रहा है। हालिया हमलों के बाद क्षेत्रीय स्थिति बेहद गंभीर बताई जा रही है और दोनों पक्षों के बीच टकराव खुली जंग का रूप लेता दिख रहा है। इस घटनाक्रम ने वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ा दी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सैन्य नेतृत्व की जिम्मेदारी अहमद वाहिदी को सौंप दी गई है। मौजूदा परिस्थितियों में ईरान कई चुनौतियों का सामना कर रहा है, एक ओर नेतृत्व को लेकर अनिश्चितता की अटकलें हैं, तो दूसरी ओर इज़रायल और अमेरिका के साथ सीधा सैन्य तनाव जारी है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की निगाहें अब तेहरान, तेल अवीव और वॉशिंगटन पर टिकी हुई हैं।
कौन हैं मोजतबा खामेनेई
बताया जाता है कि मोजतबा खामेनेई का जन्म 1969 में मशहद में हुआ था। उन्होंने हाई स्कूल के बाद इस्लामी धर्मशास्त्र की पढ़ाई की और शुरुआती शिक्षा अपने पिता सहित कई प्रमुख आयतुल्लाहों से प्राप्त की। बाद में वे क़ुम गए, जहां उन्होंने धार्मिक अध्ययन जारी रखते हुए एक धर्मगुरु के रूप में पहचान बनाई। उन्होंने धर्मशास्त्र और मौलवी शिक्षा में विशेषज्ञता हासिल की है।





