लेबनान में रेडियो सिस्टम हैक होने और इजरायली संदेश सुनाई देने के कुछ ही देर बाद हिज़्बुल्लाह के ठिकानों पर जबरदस्त हवाई हमले शुरू हो गए। बेरूत में हुए ताज़ा हमलों में तीन लोगों की मौत हो गई और दाहा जिले में एक इमारत पूरी तरह से ध्वस्त हो गई। इजरायली डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) ने इन हमलों को अंजाम दिया। अल-मायादीन नेटवर्क ने बताया कि दाहा के अल-रबीरी क्षेत्र में एक इमारत की तीन मंजिलें हमले में नष्ट हो गईं।
यह भी बताया जा रहा है कि बेरूत में हिज़्बुल्लाह की मिसाइल यूनिट मौजूद है, जिसके कारण इजरायली सेना लगातार वहां हमले कर रही है। आईडीएफ का दावा है कि उसके फाइटर जेट ने करीब 2000 बम इन इलाकों में गिराए हैं। सोमवार को इजरायल ने लेबनान में हिज़्बुल्लाह के 1600 ठिकानों पर हवाई हमले किए, जिनमें 585 लोग मारे गए और 1645 लोग घायल हुए। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार मरने वालों में 35 बच्चे और 58 महिलाएं शामिल हैं।
इजरायली हमलों के बाद हजारों लेबनानी नागरिक अपने घर छोड़कर भागने लगे। आईडीएफ प्रवक्ता डैनियल हगारी ने कहा, “हम युद्ध नहीं चाहते हैं, बल्कि अपने ऊपर मंडरा रहे खतरों को खत्म करना चाहते हैं। हमारी उत्तरी सीमा पर 7 अक्टूबर जैसे खतरे की पुनरावृत्ति नहीं होनी चाहिए। यह हमारा मिशन है और इसके लिए हम जो भी आवश्यक होगा, करेंगे।”
इन हमलों के जवाब में हिज़्बुल्लाह ने भी इजरायली सीमा पर 200 से ज्यादा रॉकेट दागे, जिनमें से अधिकतर को इजरायली एयर डिफेंस सिस्टम ने हवा में ही नष्ट कर दिया। कुछ रॉकेट उत्तरी शहर हाइफा और वेस्ट बैंक तक पहुंचने में सफल रहे। हिज़्बुल्लाह के हमले में दो नागरिकों के घायल होने की खबर है, हालांकि इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है।
हिज़्बुल्लाह के लगातार हमलों के बाद इजरायल ने सोमवार को सबसे बड़ा एयरस्ट्राइक किया, जिसे 2006 में हुई लड़ाई के बाद का सबसे बड़ा हमला बताया जा रहा है। इसी बीच मंगलवार को लेबनान में रेडियो सिस्टम हैक कर लिए गए, और इजरायली संदेश सुनाई देने लगा, जिसमें हिज़्बुल्लाह के इलाकों को खाली कर सुरक्षित जगहों पर जाने की चेतावनी दी गई।
पहले पेजर और वॉकी-टॉकी के माध्यम से, फिर सोलर एनर्जी सिस्टम में विस्फोट और रेडियो सिस्टम हैक होने के बाद लेबनान के लोगों में खौफ फैल गया। हिज़्बुल्लाह के लड़ाकों को सभी इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स से दूर रहने की सलाह दी गई। सोमवार को भी इजरायल ने फोन कॉल करके लोगों को तुरंत अपने घर छोड़ने की चेतावनी दी थी। करीब 80 हजार से अधिक संदिग्ध इजरायली कॉल्स आई थीं।
लेबनान की टेलीकॉम कंपनी ओगेरो के प्रमुख इमाद क्रेडीह ने कहा कि इस तरह के कॉल्स मनोवैज्ञानिक युद्ध का हिस्सा हैं, जो तबाही और अराजकता फैलाने के लिए किए जाते हैं। इस बीच, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने एक वीडियो संदेश जारी कर कहा, “मैं लेबनान के लोगों से कहना चाहता हूं कि इजरायल की लड़ाई आपसे नहीं है। हम हिज़्बुल्लाह से लड़ रहे हैं, जो आपको मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल कर रहा है।”
हिज्बुल्लाह पर इजरायल का बड़ा हमला, 1600 ठिकानों पर गिराए 2000 बम






