छत्तीसगढ़ के बीजापुर में नक्सलियों का हमला; नौ जवान शहीद, कई घायल

बीजापुर के कुटरु मार्ग में नक्सलियों ने जवानों के वाहन पर आईईडी ब्लास्ट किया है। हादसे में नौ जवान शहीद हो गए हैं। तथा कई जवान घायल हुए हैं।

बीजापुर के कुटरू मार्ग पर नक्सलियों ने सुरक्षा बलों के वाहन पर आईईडी विस्फोट किया है। इस घटना में नौ जवान शहीद हो गए हैं, जबकि कई जवान घायल बताए जा रहे हैं। वाहन में कुल कितने जवान थे, इसकी जानकारी अभी तक प्राप्त नहीं हो पाई है। जानकारी के मुताबिक, जवान नक्सल ऑपरेशन से लौट रहे थे, जब कुटरू मार्ग में नक्सलियों ने घात लगाकर आईईडी विस्फोट किया। छत्तीसगढ़ में लगातार चल रहे नक्सल ऑपरेशनों से नक्सली बौखलाए हुए हैं, जिसके चलते उन्होंने जवानों को निशाना बनाया है। बस्तर आईजीपी सुंदरराज पी. ने नौ जवानों के शहीद होने की पुष्टि की है। घायलों को घटनास्थल से निकाला जा रहा है और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। पिकअप वाहन में डीआरजी के कई जवान सवार थे, और विस्फोट में लगभग तीन किलो का आईईडी इस्तेमाल किया गया, जिससे वाहन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। जानकारी के अनुसार, जवान पंखाजूर में नक्सल ऑपरेशन से लौट रहे थे, जहां रविवार को पांच नक्सलियों को मारा गया था। इसके बाद आज जब जवान वापस आ रहे थे, नक्सलियों ने घात लगाकर विस्फोट किया। इस हमले में आठ जवान गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायल जवानों को विमान से बस्तर लाया जाएगा, और फिर रायपुर भेजे जाने की तैयारी की जा रही है। शहीदों और घायलों की संख्या में और वृद्धि हो सकती है। मौके पर छह से अधिक वाहनों के साथ अतिरिक्त बल भेजा गया है। दंतेवाड़ा से भी अतिरिक्त बल रवाना किया गया है।
छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने इस हमले को नक्सलियों की कायराना हरकत बताया और कहा कि इन जवानों की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि जल्द ही छत्तीसगढ़ और बस्तर नक्सल मुक्त होंगे। बस्तर आईजी पी. सुंदरराज ने बताया कि दंतेवाड़ा, बीजापुर और नारायणपुर जिलों के सीमावर्ती इलाकों में तीन दिनों से चल रहे नक्सल ऑपरेशन में पांच माओवादियों के शव मिले और एक जवान शहीद हुआ। जब उनकी टीम वापस लौट रही थी, तो बीजापुर जिले के अंबेली क्षेत्र में नक्सलियों ने आईईडी विस्फोट किया, जिसमें आठ जवान और एक ड्राइवर शहीद हो गए।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बीजापुर में नक्सली हमले की निंदा की है और शोक व्यक्त किया है। महासमुंद में एक कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री साय और अन्य सभी लोग मौन रखकर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

विशिखा मीडिया

विशिखा ने जनवरी 2019 से राजस्थान की राजधानी जयपुर से हिंदी मासिक पत्रिका के रूप में अपनी नींव रखी। राजस्थान में सफलता का परचम फहराने के बाद विशिखा प्रबंधन ने अप्रैल 2021 से उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से मासिक पत्रिका के रूप में अपना प्रकाशन आरम्भ करने का निर्णय लिया। इसी बीच लोगों की प्रतिक्रियाएं आईं कि विशिखा का प्रकाशन दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी होना चाहिये। पाठकों की रुचि को ध्यान में रखते हुए विशिखा प्रबंधन ने 1 जनवरी 2022 से जयपुर से दैनिक समाचार पत्र के रूप में भी अपना प्रकाशन आरम्भ किया। विशिखा में प्रमुख रूप से राजनैतिक गतिविधियों सहित, कला, समाज, पर्यटन, एवं अन्य विषयों से संबंधित विस्तृत आलेख प्रकाशित होते हैं। विशिखा पत्रिका ने अपने विस्तृत आलेखों और दैनिक न्यूज़ विश्लेषण के माध्यम से अपने पाठकों को जानकारी और ज्ञान की दुनिया में ले जाने का महत्वपूर्ण काम किया है। अपनी सटीक खबरों, विस्तृत रिपोर्टों और विशेष विषयों पर आधारित लेखों के साथ, विशिखा ने लगातार अपनी विश्वसनीयता बनायी हुई है। विशिखा मासिक पत्रिका की खबरों की गुणवत्ता, नवीनता और सटीकता को ध्यान में रखते हुए इस पत्रिका ने अपने पाठकों का दिल जीता है। यह पत्रिका न केवल जानकारी उपलब्ध कराती है, बल्कि लोगों के बीच अपने विचारों के आदान प्रदान के लिए एक मंच भी उपलब्ध करती है। इसके लेखक, संपादक और टीम का प्रयास निरंतर यह होता है कि पाठकों को एक अच्छा अनुभव देने के साथ-साथ सामाजिक, आर्थिक और सांस्कृतिक मुद्दों के साथ-साथ समस्याओं के समाधान पर ध्यान केंद्रित करें। विशिखा का लक्ष्य आपको विभिन्न विषयों पर अद्भुत लेखों से परिचित कराना है। पत्रिका के माध्यम से हम लेखकों, संगठनों, एवं समाज के प्रतिष्ठित और सामान्य लोगों को उनकी रचनात्मक योग्यताओं के आधार पर साझा करने का प्रयास करना है। पत्रिका टीम का मूल मंत्र है- रचनात्मकता, नैतिकता और उच्चतम गुणवत्ता। विशिखा हिंदी मासिक पत्रिका है जो 2019 में शुरू हुई थी। वर्तमान में यह राजस्थान और उत्तराखंड से प्रकाशित की जाती है। इसमें विभिन्न विषयों पर लेख शामिल होते हैं जैसे कि करंट अफेयर्स, साहित्य, महिलाएं, यात्रा और अधिक। हमारी पत्रिका उन लोगों के लिए है जो ज्ञान और सूचना की तलाश में होते हैं और उन्हें उन विषयों से रुबरु कराने का एक मंच प्रदान करती हैं।

Leave a Reply

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading