1 जुलाई से दिल्ली के लगभग सभी पेट्रोल पंपों पर तय आयु सीमा पार कर चुके वाहनों में पेट्रोल-डीजल डालने पर पाबंदी लागू कर दी गई। पहले ही दिन कई लोग पुराने वाहन लेकर पेट्रोल भरवाने पहुंचे, लेकिन ईंधन नहीं मिला और उन्हें वाहन वहीं छोड़कर खाली हाथ लौटना पड़ा। कई वाहन मालिकों ने ट्रैफिक पुलिस से गुहार लगाई। यमुनापार के एक पेट्रोल पंप पर राजेंद्र कुमार पुलिसकर्मियों से बोले, “साहब, बड़ी मुश्किल से बाइक की किश्त चुकाई है। अब इतनी आमदनी नहीं कि नई बाइक खरीद सकूं। एक ही बाइक है, आने-जाने का सब काम ठप हो जाएगा…”
लेकिन किसी की दलील नहीं मानी गई और यमुनापार के अलग-अलग पेट्रोल पंपों से तीन-चार पुरानी बाइकें जब्त कर ली गईं। कहीं लोग कर्मियों से झगड़ते दिखे तो कहीं हाथ जोड़कर विनती करते रहे। वहीं, मध्य दिल्ली के एक पेट्रोल पंप पर हुंडई i10 कार के बारे में स्पीकर से घोषणा हुई कि उसका रजिस्ट्रेशन खत्म हो चुका है। लेकिन बाद में जांच में पता चला कि गाड़ी का रजिस्ट्रेशन 29 मार्च 2028 तक मान्य है। यहां पेट्रोल पंप पर लगे ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरों में तकनीकी गड़बड़ी आ गई थी। रोहिणी इलाके में भी तकनीकी समस्या हुई। एक पुरानी कार पेट्रोल भरवाने आई, लेकिन इस बार स्पीकर पर कोई अलर्ट नहीं बजा। मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों ने जब नंबर चेक किया तो गाड़ी 2010 की रजिस्टर्ड निकली। इसके बाद उसे जब्त कर लिया गया। कनॉट प्लेस के एन ब्लॉक के पेट्रोल पंप पर अभी तक ANPR कैमरे भी नहीं लग पाए हैं।
पहली बार जब्ती पर छूट का मौका
परिवहन विभाग ने बताया कि अगर कोई वाहन पहली बार जब्त होता है, तो मालिक को वाहन छुड़ाने का अवसर दिया जाएगा। इसके लिए जुर्माने के साथ शपथ पत्र देना होगा। अगर वही वाहन दोबारा पकड़ा गया, तो उसे स्क्रैप कर दिया जाएगा। पहली बार जब्त की गई बाइक छुड़ाने के लिए 5000 रुपये और कार के लिए 10,000 रुपये जुर्माना भरना होगा। वाहन मालिक को 21 दिन में सभी औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी। अगर किसी दूसरे राज्य में पंजीकृत पुराना वाहन पकड़ा गया, तो उसे भी जब्त किया जाएगा और 10,000 रुपये का जुर्माना देना होगा। साथ ही, वाहन दिल्ली लाने का कारण बताना होगा।





