
दूसरी बार लैंडिंग के प्रयास में हुआ क्रैश, तीन साल में वीएसआर एविएशन का दूसरा बड़ा हादसा
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन की खबर ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। बारामती हवाई अड्डे पर लैंडिंग के दौरान उनका प्राइवेट चार्टर विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। यह विमान वीएसआर एविएशन द्वारा संचालित किया जा रहा था, जिसके सुरक्षा रिकॉर्ड पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, विमान ने पहली बार लैंडिंग का प्रयास किया, लेकिन वह असफल रहा। इसके बाद पायलट ने दोबारा रनवे की ओर विमान मोड़ा। दूसरे प्रयास के दौरान एयरपोर्ट से करीब 100 फीट की दूरी पर विमान अचानक क्रैश हो गया। हादसे के तुरंत बाद विमान में कई जोरदार धमाके हुए और उसमें सवार किसी भी व्यक्ति को बचाया नहीं जा सका।
हादसे और कंपनी से जुड़ी अहम जानकारियां
- वीएसआर एविएशन का सुरक्षा रिकॉर्ड
• वीएसआर एविएशन का सेफ्टी रिकॉर्ड पहले से ही सवालों के घेरे में रहा है।
• यह तीन साल से भी कम समय में कंपनी का दूसरा बड़ा विमान हादसा है।
• इससे पहले वर्ष 2023 में मुंबई एयरपोर्ट पर भी इसी कंपनी का एक विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था।
• शिवसेना नेता राजू वाघमारे के अनुसार, पिछली दुर्घटना तकनीकी खराबी के कारण हुई थी, ऐसे में एक ही कंपनी के विमानों से बार-बार हादसे होना गंभीर जांच का विषय है।
कैसी कंपनी है वीएसआर एविएशन
- मुख्यालय: नई दिल्ली
- संचालन क्षेत्र: मुंबई, भोपाल और हैदराबाद
- मालिक: विजय कुमार सिंह
- सेवाएं: प्राइवेट जेट चार्टर, एयर एम्बुलेंस और जेट लीजिंग
- क्लाइंट्स: कंपनी बीते 15 वर्षों से चार्टर्ड सेवाएं दे रही है। इसके प्रमुख ग्राहकों में हैवेल्स इंडिया, वेलस्पन और एपीएल अपोलो जैसी बड़ी कॉरपोरेट कंपनियां शामिल हैं।
दुर्घटनाग्रस्त विमान की जानकारी
- हादसे का शिकार हुआ विमान बॉम्बार्डियर लियरजेट 45XR था, जिसका रजिस्ट्रेशन नंबर VT-SSK था।
- यह एक मिड-साइज हाई-परफॉर्मेंस बिजनेस जेट है, जिसमें नौ यात्रियों के बैठने की क्षमता होती है।
- डीजीसीए सूत्रों के अनुसार, हादसे में कोई भी व्यक्ति जीवित नहीं बचा।
- विमान का निर्माण वर्ष 2010 में हुआ था और इसे 2 जून 2021 को भारतीय रजिस्ट्रेशन मिला था।
- इससे पहले यह विमान अमेरिका में कई ऑपरेटरों के स्वामित्व में रह चुका था।
- बॉम्बार्डियर द्वारा 1995 से 2012 के बीच लियरजेट 45 सीरीज के 640 से अधिक विमान बनाए गए थे।
इस हादसे के बाद कंपनी के सेफ्टी प्रोटोकॉल पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। जहां 2023 की दुर्घटना में यात्री बाल-बाल बच गए थे, वहीं इस बार परिणाम बेहद दुखद रहे। घटना के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य में तीन दिन के राजकीय शोक की घोषणा की है। माना जा रहा है कि वीएसआर एविएशन अब विनियामक एजेंसियों की सख्त जांच के दायरे में आ सकती है।
बारामती विमान हादसा: किन लोगों की गई जान
- अजित पवार – उपमुख्यमंत्री, महाराष्ट्र
- विदीप जाधव – पर्सनल सिक्योरिटी ऑफिसर
- कैप्टन सुमित कपूर – पायलट
- कैप्टन शांभवी पाठक – सह-पायलट
- पिंकी माली – फ्लाइट अटेंडेंट
यह विमान सकाली से सुबह 8:10 बजे रवाना हुआ था और करीब 45 मिनट की उड़ान के बाद 8:50 बजे बारामती में उतरते समय दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
अजित पवार: राजनीतिक सफर
अजित पवार महाराष्ट्र के सबसे लंबे समय तक उपमुख्यमंत्री रहने वाले नेताओं में शामिल थे। उन्होंने लगातार छह बार यह पद संभाला।
- 1982 में सहकारी चीनी कारखाने के बोर्ड से राजनीति की शुरुआत
- 1991 में पुणे जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के अध्यक्ष बने
- बारामती विधानसभा क्षेत्र से सात बार विधायक चुने गए
- 2019 में एनसीपी के एक धड़े के साथ भाजपा समर्थित सरकार में उपमुख्यमंत्री बने
कैप्टन शांभवी पाठक: अधूरा रह गया उड़ान का सपना
सिर्फ 25 वर्ष की उम्र में सह-पायलट शांभवी पाठक भारतीय कॉरपोरेट एविएशन का उभरता चेहरा थीं।
- ग्वालियर के एयरफोर्स स्कूल से पढ़ाई
- मुंबई यूनिवर्सिटी से एविएशन की शिक्षा
- न्यूजीलैंड से कमर्शियल पायलट ट्रेनिंग
- अगस्त 2022 से वीएसआर एविएशन से जुड़ी थीं
- एविएशन विशेषज्ञों के अनुसार, शांभवी तकनीकी रूप से बेहद सक्षम थीं और उनका करियर संभावनाओं से भरा हुआ था।
कैप्टन सुमित कपूर
कैप्टन सुमित कपूर इस फ्लाइट के सीनियर और अत्यंत अनुभवी पायलट थे।
- 16,000 घंटे से अधिक का उड़ान अनुभव
- सहारा, जेटलाइन और जेट एयरवेज जैसी प्रमुख एयरलाइनों के साथ कार्य किया
वीएसआर एविएशन के वरिष्ठ अधिकारी वीके सिंह ने कहा कि विमान तकनीकी रूप से पूरी तरह फिट था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे की वजह खराब दृश्यता (विजिबिलिटी) हो सकती है। उन्होंने बताया कि रनवे साफ न दिखने के कारण पहली बार मिस अप्रोच करनी पड़ी और दूसरे प्रयास के दौरान यह भीषण दुर्घटना हो गई।
भावुक होते हुए वीके सिंह ने कहा, “कैप्टन सुमित मेरे बेहद करीबी थे और शांभवी मेरे परिवार जैसी थीं। यह हमारे लिए अपूरणीय क्षति है।”






