
पुराना विवाद बना हत्या की वजह
मुजफ्फरनगर जिले के भोपा थाना क्षेत्र अंतर्गत मोरना गांव में सोमवार तड़के एक सनसनीखेज वारदात सामने आई, जहां दो सगी बहनों ने अपने पिता राम प्रसाद (55) की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी। पुलिस के अनुसार दोनों बेटियां पिता द्वारा लगाए गए प्रतिबंध, लगातार टोका-टाकी और विवाह न कराने को लेकर उनसे नाराज थीं। हत्या की घटना रात करीब तीन बजे की बताई जा रही है। दिन निकलते ही दोनों बहनें अपनी मां चंद्रकली के साथ रोती-बिलखती दिखाई दीं। घटनास्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण इकट्ठा हो गए थे और कक्षा 11 में पढ़ने वाली छोटी बहन मां से लिपटकर रो रही थी, जिससे किसी को उन पर शक नहीं हुआ। पुलिस जब परिवार को थाने ले जाकर अलग-अलग पूछताछ की, तब मामला खुला और दोनों के चेहरे के भाव बदल गए। सुबह करीब छह बजे गांव के रविदास मंदिर के पीछे बस्ती में रोने-चिल्लाने की आवाजें सुनकर लोग किसान के घर पहुंचे। मुख्य दरवाजे के पास राम प्रसाद का खून से लथपथ शव पड़ा मिला। शुरुआती तौर पर परिजनों ने दावा किया कि बदमाश घर में घुसकर हत्या कर फरार हो गए। करीब दो घंटे की जांच के बाद पुलिस को घर के नल और नाली के पानी में खून के निशान दिखे, जिससे शक गहराया और परिवार से पूछताछ की गई।
जांच में सामने आया कि घर में अक्सर झगड़े होते थे। करीब एक महीने पहले पिता ने गुस्से में बड़ी बेटी कोमल को थप्पड़ मार दिया था, जिसके बाद दोनों के बीच गंभीर विवाद हुआ। इसके बाद से उसने घर में अलग चूल्हा कर लिया था और परिवार से दूरी बना ली थी। पुलिस के अनुसार उसने छोटी बहन को भी अपने साथ मिला लिया और पिता की हत्या की साजिश रच डाली। आरोप है कि दोनों बहनों ने पहले एक परिचित युवक से नींद की गोलियां मंगाईं और खीर में मिलाकर परिवार को खिला दीं, जिससे सभी गहरी नींद में सो गए। इसके बाद उन्होंने रात में पिता पर चाकुओं से कई वार किए। जांच में यह भी सामने आया कि परिवार में बेटियों की शादियां देर से की जा रही थीं। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने बयान दिया कि पिता पहनावे, उठने-बैठने और घर से बाहर जाने तक पर सख्ती करते थे, जिससे वे मानसिक रूप से परेशान थीं। पूछताछ में उसने कई बार कहा कि पिता बेटा-बेटी में भेदभाव करते थे और उसे ताने देते थे।
अंतिम संस्कार और कार्रवाई
पोस्टमार्टम के बाद शव को सीधे शुकतीर्थ घाट ले जाकर अंतिम संस्कार किया गया, जहां पुलिस और ग्रामीण मौजूद रहे। मामले में मृतक के बेटे अमित की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल दो चाकू, खून से सने कपड़े और नींद की गोलियों के रैपर बरामद किए हैं।
आरोपी बहनों पर कार्रवाई
एसपी देहात आदित्य बंसल और सीओ देवव्रत वाजपेई ने फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर जांच की। पुलिस ने बताया कि नाबालिग आरोपी को बाल अपचारी होने के कारण राजकीय बालगृह बालिका नोएडा भेजा गया है, जबकि बालिग बहन को न्यायिक हिरासत में महिला जेल भेज दिया गया है।
पुलिस का दावा है कि घटना का खुलासा दो घंटे के भीतर कर लिया गया और जांच अभी भी जारी है।






