शक्ति प्रदर्शन स्वीकार्य नहीं’ सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश पर होगी कड़ी कार्यवाही

राजधानी में आयोजित एक उच्चस्तरीय बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुहर्रम को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि मुहर्रम शोक और मातम का पर्व है, न कि शक्ति प्रदर्शन का अवसर। इस दौरान किसी भी प्रकार के हथियारों के प्रदर्शन पर पूरी तरह रोक रहेगी। साथ ही तेज आवाज में डीजे बजाने की अनुमति नहीं दी जाएगी और पारंपरिक मर्यादाओं का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी नई परंपरा को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है और इसे लेकर किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुहर्रम के दौरान ढोल-ताशों और डीजे का अनियंत्रित प्रयोग न हो, जिससे आमजन को असुविधा हो या शांति व्यवस्था प्रभावित हो। उन्होंने चेतावनी दी कि शांति भंग करने की किसी भी कोशिश पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा, सीएम योगी ने सभी जिलाधिकारियों (डीएम) और पुलिस अधीक्षकों (एसपी) को निर्देशित किया कि वे मुहर्रम की व्यवस्थाओं को लेकर स्थानीय स्तर पर पहले से संवाद स्थापित करें और सभी संबंधित पक्षों के साथ समन्वय बनाकर कार्य करें। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं से बचाव के लिए ताजियों की ऊंचाई निर्धारित मानकों के अनुरूप ही रखी जाए। 10 से 12 फीट से अधिक ऊंचे ताजियों की अनुमति नहीं दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सभी धर्मों और समुदायों की आस्था का पूरा सम्मान किया जाएगा, लेकिन इसके नाम पर किसी भी प्रकार की नई परंपरा या नियमों के उल्लंघन को स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि वे मुहर्रम को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने के लिए पूरी सतर्कता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें।





