उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा कि 2017 में भाजपा के सत्ता में आने के बाद से प्रदेश में सांप्रदायिक दंगे पूरी तरह बंद हो गए हैं। उन्होंने कहा, “उत्तर प्रदेश में मुसलमान सबसे अधिक सुरक्षित हैं। अगर हिंदू सुरक्षित हैं, तो मुसलमान भी सुरक्षित हैं।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि “100 हिंदू परिवारों के बीच रहने वाला एक मुस्लिम परिवार पूरी तरह सुरक्षित है और उसे अपने धार्मिक अनुष्ठान करने की पूरी स्वतंत्रता है। लेकिन क्या 100 मुस्लिम परिवारों के बीच 50 हिंदू परिवार सुरक्षित रह सकते हैं? उन्होंने आगे कहा कि “2017 से पहले जब दंगे होते थे, तो हिंदुओं और मुसलमानों दोनों की दुकानें जलती थीं। लेकिन 2017 के बाद यूपी में कोई दंगा नहीं हुआ। अब जब हिंदू सुरक्षित हैं, तो मुसलमान भी सुरक्षित हैं।”
संभल में चल रही खुदाई को लेकर योगी आदित्यनाथ ने कहा, “हमने 54 तीर्थ स्थलों की पहचान कर ली है और सभी को खोज निकालेंगे। दुनिया को बताएंगे कि संभल में क्या हुआ था। इस्लाम भी कहता है कि हिंदू मंदिर या घर तोड़कर बनाई गई कोई भी इबादतगाह खुदा को मंजूर नहीं होती।”
मथुरा मस्जिद विवाद पर बोले योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मथुरा के कृष्ण जन्मभूमि विवाद पर कहा, “क्या मथुरा श्रीकृष्ण की जन्मभूमि नहीं है? हम कोर्ट के आदेश का पालन कर रहे हैं, वरना वहां बहुत कुछ हो सकता था।” उन्होंने कहा कि सनातन हिंदू धर्म के महत्वपूर्ण स्थान हमारी विरासत के प्रतीक हैं और हमलावरों की भारत में कोई जगह नहीं है।
वक्फ संपत्तियों को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा, “मस्जिदों पर भाजपा कब्जा करके क्या करेगी? वक्फ के नाम पर कितनी जमीन पर कब्जा करोगे? इन्होंने वक्फ संपत्तियों को निजी फायदे के लिए बेचा है। वक्फ संशोधन विधेयक आज की जरूरत है और यह देश और मुसलमानों दोनों के हित में होगा।”
कांग्रेस नेता राहुल गांधी को “नमूना” बताते हुए योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कांग्रेस अयोध्या विवाद को जिंदा रखना चाहती थी। उन्होंने कांग्रेस के कामों पर सवाल उठाते हुए कहा, “कांग्रेस ने दशकों तक अयोध्या विवाद को क्यों बनाए रखा? काशी की गलियों में राजनीति करने वाले गांधी जी के सपनों को पूरा क्यों नहीं कर सके?”
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के बयान पर योगी आदित्यनाथ ने कहा, “जो लोग औरंगजेब और जिन्ना का महिमामंडन करते हैं, वे भारत की महान विरासत को नहीं समझ सकते। हम राम, कृष्ण और शिव को आदर्श मानते हैं। लेकिन कुछ लोग बाबर और औरंगजेब की पूजा करते हैं।”
ईद और रामनवमी के जुलूस पर बयान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “हमने धार्मिक स्थलों से लाउडस्पीकर की आवाज नियंत्रित करवाई है। अगर यूपी में ऐसा हो सकता है, तो पश्चिम बंगाल में क्यों नहीं?”
असदुद्दीन ओवैसी के “मुसलमान खतरे में हैं” वाले बयान पर मुख्यमंत्री ने कहा, “मुसलमान खतरे में नहीं हैं, बल्कि उनकी वोट बैंक की राजनीति खतरे में है। जिस दिन भारतीय मुसलमान अपने पूर्वजों को समझ लेंगे, इन सभी लोगों को भागना पड़ेगा।” मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “जो लोग इस्लाम के खतरे में होने की बात कर रहे हैं, वे भारत में हिंदुओं के भी विरोधी थे। पाकिस्तान और बांग्लादेश में हिंदुओं के हालात क्या होंगे, इसे समझना मुश्किल नहीं है।”




