10 जुलाई को राष्ट्रीय टेनिस खिलाड़ी राधिका यादव की उसके पिता दीपक यादव ने अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर से चार गोलियां मारकर हत्या कर दी थी। वारदात उस समय हुई जब राधिका सेक्टर-56 स्थित अपने घर के किचन में खाना बना रही थी। हत्या की यह घटना सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुई थी। घटना के तुरंत बाद राधिका की मां ने पुलिस को पूरी जानकारी दी थी, लेकिन बाद में उन्होंने जांच में सहयोग नहीं किया। पुलिस ने हत्या के कुछ ही समय बाद दीपक यादव को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया था।
गुरुग्राम के सेक्टर-56 थाना क्षेत्र में यह हत्या ‘मान-सम्मान’ के नाम पर की गई थी। पुलिस द्वारा अदालत में दाखिल की गई चार्जशीट में इस बात का खुलासा हुआ है। जांच में राधिका की हत्या के पीछे कोई ठोस कारण सामने नहीं आया है, और पुलिस ने अपनी जांच पूरी मान ली है। इस मामले में अगली सुनवाई 17 अक्तूबर को तय की गई है, जिसके बाद ट्रायल शुरू होगा। पूछताछ में आरोपी पिता ने बताया कि गांव के लोग बेटी की कमाई पर ताना मारते थे। खेल के दौरान कंधे में चोट लगने के बाद राधिका घर के पास ही एकेडमी में कोर्ट किराये पर लेकर खिलाड़ियों को टेनिस सिखाती थी। पिता ने उसे यह काम बंद करने को कहा, लेकिन राधिका ने ट्रेनिंग जारी रखी। पुलिस का मानना है कि हत्या से जुड़े कई अहम साक्ष्य उसके पास हैं।
टेनिस खिलाड़ी राधिका की हत्या के मामले में चार्जशीट दाखिल, 17 अक्तूबर को होगी अगली सुनवाई






