
कनाडा में चल रहे जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान ईरान और इस्राइल के बीच बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सम्मेलन को बीच में ही छोड़ दिया। तय कार्यक्रम से एक दिन पहले ही ट्रंप सोमवार को अचानक वापस लौट गए। माना जा रहा है कि यह फैसला इस्राइल और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य संघर्ष के मद्देनजर पहले से ही तय था। रवाना होने से पहले ट्रंप ने यह भी कहा कि तेहरान को तुरंत खाली कर दिया जाना चाहिए। इस बीच, जी-7 देशों ने सोमवार देर रात एक संयुक्त बयान जारी कर इस्राइल का खुलकर समर्थन किया और ईरान को पश्चिम एशिया में अस्थिरता का मुख्य कारण बताया। जी-7 नेताओं ने क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने का आह्वान भी किया।
गौरतलब है कि बीते शुक्रवार से इस्राइल और ईरान के बीच हवाई संघर्ष जारी है। इस्राइल ने ईरान पर हवाई हमले किए थे, जिसके जवाब में ईरान ने ड्रोन और मिसाइलों से इस्राइल पर पलटवार किया। इससे पूरे क्षेत्र में तनाव और असुरक्षा की स्थिति और बढ़ गई है। अक्तूबर 2023 में गाजा पर इस्राइल के हमलों के बाद से ही यह तनाव बना हुआ था। इस सम्मेलन का आयोजन विभिन्न वैश्विक मुद्दों पर चर्चा के लिए किया गया था, लेकिन ईरान के परमाणु कार्यक्रम और इस्राइल से उसके बढ़ते टकराव ने पूरे एजेंडे को प्रभावित कर दिया। दोनों देशों के बीच चार दिनों से बमबारी जारी है, जिससे संघर्ष और भी खतरनाक रूप लेता जा रहा है।
शिखर सम्मेलन में ट्रंप की चेतावनी
सम्मेलन में ट्रंप ने चेतावनी दी कि तेहरान को अपने परमाणु कार्यक्रम को तुरंत रोकना चाहिए, इससे पहले कि स्थिति नियंत्रण से बाहर हो जाए। उन्होंने कहा कि ईरान को बातचीत करने के लिए 60 दिन का समय दिया गया था, लेकिन इस्राइली हमलों से पहले कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। अब एक समझौते तक पहुंचना आवश्यक है।
“मुझे वापस जाना है, यह बहुत जरूरी है”
जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या अमेरिका इस संघर्ष में सैन्य हस्तक्षेप करेगा, तो उन्होंने स्पष्ट रूप से जवाब देने से इनकार करते हुए कहा, “मैं इस पर बात नहीं करना चाहता।” इसके तुरंत बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर लोगों को तेहरान को तुरंत खाली करने की चेतावनी दी और मंगलवार की बैठकें छोड़कर सम्मेलन से विदाई ले ली। सम्मेलन में यूक्रेन युद्ध और वैश्विक व्यापार जैसे मुद्दों पर चर्चा होनी थी। सम्मेलन में फोटो सेशन के दौरान ट्रंप ने बस इतना कहा, “मुझे वापस जाना है, यह बहुत जरूरी है।”
मेजबान का समर्थन
कनाडा के प्रधानमंत्री और सम्मेलन के मेज़बान मार्क कार्नी ने ट्रंप के फैसले पर कहा, “मैं राष्ट्रपति की उपस्थिति के लिए आभारी हूं और उनके फैसले को पूरी तरह समझता हूं।”





